आगरा। संत शिरोमणि गुरु रविदास जयंती के अवसर पर प्रस्तावित कार्यक्रमों को लेकर संत शिरोमणि गुरु रविदास महासभा ने शुक्रवार को शहर के विभिन्न विद्यालयों और महाविद्यालयों में संपर्क अभियान चलाया। शिक्षण संस्थानों के प्रधानाचार्यों तथा प्रबंधन से मुलाकात कर विद्यार्थियों को गुरु रविदास के जीवन, विचारों और सामाजिक समरसता के संदेश से परिचित कराने का आग्रह किया गया। इस दौरान संगोष्ठी, विचार गोष्ठी, भाषण प्रतियोगिता सहित अन्य गतिविधियां आयोजित करने का आह्वान किया गया।
प्रांत प्रचारक धर्मेंद्र और क्षेत्र कार्यवाह प्रमोद ने कहा कि संत शिरोमणि गुरु रविदास का जीवन समाज के अंतिम व्यक्ति तक सम्मान और समानता पहुंचाने की प्रेरणा देता है। विद्यार्थियों के भीतर उनके विचारों की समझ विकसित होने से सामाजिक सोच में सकारात्मक बदलाव आ सकता है। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को ऐसे महापुरुषों के जीवन और संदेश से परिचित कराना आवश्यक है, ताकि सामाजिक मूल्यों की समझ मजबूत हो सके।
महासभा के सचिव अभिनव मौर्य ने कहा कि युवाओं को संत रविदास के विचारों से जोड़ना सामाजिक समरसता, समानता और मानवता की भावना को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। शिक्षण संस्थान विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में उनके माध्यम से समाज सुधार से जुड़े विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाया जा सकता है।
अभियान के दौरान एसएन मेडिकल कॉलेज, आरबीएस कॉलेज, बैकुंठी देवी कॉलेज, डॉ. एमपीएस कॉलेज, मानसिक आरोग्यशाला, आगरा कॉलेज, सेंट्रल फुटवियर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट और बीडी जैन कॉलेज के प्रधानाचार्यों तथा संबंधित पदाधिकारियों से संपर्क किया गया। महासभा की ओर से इन संस्थानों में समय-समय पर संत शिरोमणि गुरु रविदास जयंती के उपलक्ष्य में विभिन्न शैक्षिक एवं जागरूकता गतिविधियां कराने का आग्रह किया गया।
पदाधिकारियों ने कहा कि भाषण प्रतियोगिता और विचार गोष्ठी जैसे आयोजन विद्यार्थियों को संत रविदास के व्यक्तित्व एवं कृतित्व को समझने का अवसर देंगे। उनके संदेश को केवल किसी एक वर्ग तक सीमित न मानते हुए व्यापक सामाजिक संदर्भ में विद्यार्थियों के सामने रखने की आवश्यकता बताई गई। समानता, भाईचारे और मानवता पर आधारित विचारों को युवा पीढ़ी तक पहुंचाने से सामाजिक समरसता की भावना को विस्तार मिल सकता है।
महासभा के संपर्क अभियान का उद्देश्य जयंती से जुड़े आयोजनों को शिक्षण संस्थानों तक पहुंचाना और विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करना बताया गया। पदाधिकारियों ने संस्थान प्रबंधन से आग्रह किया कि विद्यार्थियों को गुरु रविदास के जीवन से जुड़े प्रसंगों, सामाजिक दृष्टिकोण तथा उनके विचारों पर आधारित गतिविधियों में शामिल किया जाए। इससे उन्हें भारतीय संत परंपरा और समाज सुधार की धारा को समझने का अवसर मिलेगा।
अभियान में मीडिया प्रभारी विजय सामा और सह सचिव डॉ. निष्ठा शर्मा भी मौजूद रहे। एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता, आरबीएस कॉलेज के प्राचार्य बसंत बहादुर, बैकुंठी देवी कॉलेज की प्राचार्य डॉ. पूनम सिंह, डॉ. एमपीएस कॉलेज के निदेशक डॉ. एके सिंह, मानसिक आरोग्यशाला के निदेशक डॉ. दिनेश राठौर, आगरा कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सीके गौतम, सेंट्रल फुटवियर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के प्रधानाचार्य ईश्वर सिंह और बीडी जैन कॉलेज की प्राचार्य डॉ. वंदना अग्रवाल आदि उपस्थित रहे।
महासभा पदाधिकारियों के मुताबिक जयंती के उपलक्ष्य में शिक्षण संस्थानों में होने वाले कार्यक्रमों के जरिए विद्यार्थियों को संत रविदास के सामाजिक चिंतन से परिचित कराने का प्रयास किया जाएगा। उनका मानना है कि युवा वर्ग तक समानता और मानवता का संदेश पहुंचने से समाज में आपसी सम्मान तथा भाईचारे की भावना को मजबूती मिल सकती है।
