आगरा। राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) आगरा ने शहर में स्वास्थ्य जागरूकता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया। दिनभर विभिन्न स्थानों पर आमजन को आकस्मिक चिकित्सा और हृदयाघात जैसी आपात स्थितियों में जीवन बचाने वाली सीपीआर तकनीक का प्रशिक्षण दिया गया। शाम को सूरसदन में आयोजित डॉक्टर्स डे सांस्कृतिक संध्या में चिकित्सक परिवारों के साथ शामिल हुए। कार्यक्रम की थीम ‘रिलेशंस-द बॉन्डिंग’ रही, जिसमें रिश्तों के अलग-अलग रंगों पर नृत्य, गीत और प्रस्तुतियों ने समां बांध दिया। इस दौरान डॉ. रणवीर त्यागी को इंडियन सोसायटी ऑफ क्रिटिकल केयर मेडिसिन के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पदभार संभालने पर सम्मानित किया गया।

राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस के अवसर पर आईएमए आगरा ने जनजागरूकता को प्राथमिकता दी। शहर के विभिन्न स्थानों पर चिकित्सकों ने लोगों को बताया कि हृदयाघात, बेहोशी या अन्य आपात स्थिति में शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। समय पर सही प्राथमिक उपचार मिलने से मरीज की जान बचाई जा सकती है। कार्यक्रमों में सीपीआर यानी कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन तकनीक का प्रशिक्षण और प्रदर्शन किया गया। लोगों को आपात स्थिति में घबराने के बजाय तत्काल मदद पहुंचाने और प्रशिक्षित चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध होने तक सही प्रक्रिया अपनाने की जानकारी दी गई।

शाम को सूरसदन में आईएमए आगरा की ओर से डॉक्टर्स डे सांस्कृतिक संध्या आयोजित हुई। इसमें बड़ी संख्या में चिकित्सक अपने परिवारों के साथ पहुंचे। मंच पर विभिन्न रीजनल मेडिकल एसोसिएशनों ने रिश्तों की भावनाओं और बदलते समय में उनके स्वरूप को प्रस्तुत किया। किसी प्रस्तुति में गुरु-शिष्य संबंध की गरिमा दिखाई गई तो कहीं पिता के प्रति भावनाओं को नृत्य के माध्यम से व्यक्त किया गया। पति-पत्नी और दोस्तों के रिश्तों पर आधारित प्रस्तुतियों को भी दर्शकों ने सराहा।

कार्यक्रम की थीम ‘रिलेशंस-द बॉन्डिंग’ के अनुरूप कलाकारों ने नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए रिश्तों में अपनापन, विश्वास, सहयोग और संवेदनशीलता का संदेश दिया। चिकित्सकों और उनके परिवारों ने प्रस्तुतियों का उत्साह के साथ आनंद लिया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने व्यस्त चिकित्सा जीवन के बीच डॉक्टरों को परिवारों के साथ समय बिताने का अवसर भी दिया।

कार्यक्रम में डॉ. रणवीर त्यागी को इंडियन सोसायटी ऑफ क्रिटिकल केयर मेडिसिन के राष्ट्रीय अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने पर आईएमए आगरा की ओर से सम्मानित किया गया। उपस्थित चिकित्सकों ने उन्हें शुभकामनाएं दीं और इसे आगरा तथा उत्तर प्रदेश के चिकित्सा समुदाय के लिए गौरव का विषय बताया।

आईएमए आगरा के अध्यक्ष डॉ. पंकज नागाइच ने कहा कि चिकित्सक केवल रोगों का उपचार नहीं करते, बल्कि समाज को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाने की जिम्मेदारी भी निभाते हैं। उन्होंने चिकित्सकों से सेवा, संवेदनशीलता और सामाजिक उत्तरदायित्व के साथ कार्य करते रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आमजन को प्राथमिक उपचार और आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जागरूक करना भी समाज हित में जरूरी है।

मानद सचिव डॉ. रजनीश कुमार मिश्रा ने कहा कि राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस समाज के प्रति चिकित्सकों के दायित्वों को फिर से संकल्पित करने का अवसर है। उन्होंने बताया कि आईएमए आगरा आगे भी सीपीआर प्रशिक्षण, जनस्वास्थ्य जागरूकता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े अभियान चलाता रहेगा।
कोषाध्यक्ष डॉ. मुकेश भारद्वाज ने आयोजन की सफलता के लिए सदस्यों, प्रायोजकों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। सांस्कृतिक सचिव डॉ. अमिता कुशवाहा ने कलाकारों, विभिन्न रीजनल एसोसिएशनों और आयोजन समिति के सदस्यों को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन चिकित्सकों और उनके परिवारों के बीच आत्मीयता, सौहार्द और एकता को मजबूत करते हैं।
सांस्कृतिक संध्या में डॉ. अनूप दीक्षित ने फिल्म शोले की रीमेक के लिए चिकित्सकों पर आधारित पैरोडी प्रस्तुत कर दर्शकों को खूब हंसाया। डॉ. अनुज कुमार, डॉ. राजीव पचौरी, डॉ. आयुष, डॉ. दीपा और डॉ. सुशांत ने चिकित्सकों के जीवनकाल से जुड़ी घटनाओं को गीतमाला के रूप में पेश किया। प्रस्तुति में चिकित्सा पेशे से जुड़े अनुभवों और परिस्थितियों को गीतों के माध्यम से पिरोया गया।
कार्यक्रम के अंतिम चरण में 50 से अधिक चिकित्सकों ने रैंप वॉक कर अपनी प्रस्तुति दी। इसे दर्शकों ने तालियों के साथ सराहा। आयोजन में आईएमए के पूर्व अध्यक्ष डॉ. जेएन टंडन, डॉ. रवि पचौरी, डॉ. अरुण चतुर्वेदी, डॉ. सुनील शर्मा, डॉ. ओपी यादव, डॉ. डीवी शर्मा, डॉ. अनूप दीक्षित और डॉ. शरद गुप्ता की उपस्थिति रही।
धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। पूरे आयोजन में चिकित्सकों और उनके परिवारों ने उत्साह के साथ भागीदारी की और राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस को यादगार बनाया।
