आगरा। आगरा के रेल यात्रियों के लिए 24 अगस्त से नई सुविधा शुरू होने जा रही है। प्रयागराज-उधना के बीच चलने वाली साप्ताहिक अमृत भारत एक्सप्रेस का ईदगाह स्टेशन पर ठहराव तय किया गया है। प्रयागराज से आने वाली ट्रेन सोमवार को ईदगाह पहुंचेगी, जबकि वापसी में उधना से मंगलवार को चलकर रात में ईदगाह पहुंचेगी। इससे आगरा के यात्रियों को प्रयागराज जाकर संगम स्नान के साथ राजस्थान और गुजरात के कई प्रमुख शहरों तक रेल यात्रा की सुविधा मिलेगी। ट्रेन बयाना, हिंडौन सिटी, गंगापुर सिटी, सवाई माधोपुर, कोटा, रामगंज मंडी, भवानी मंडी, रतलाम और वडोदरा होते हुए उधना पहुंचेगी। ट्रेन में 22 आधुनिक कोच होंगे, जिनमें दो एलएसएलआरडी, 11 सामान्य, आठ स्लीपर और एक पेंट्रीकार शामिल हैं।
शहर के रेल यात्रियों के लिए सफर को आसान बनाने वाली नई सुविधा 24 अगस्त से शुरू होने जा रही है। प्रयागराज-उधना के बीच चलने वाली साप्ताहिक अमृत भारत एक्सप्रेस का ईदगाह स्टेशन पर ठहराव तय किया गया है। ट्रेन के ठहराव से आगरा के यात्रियों को प्रयागराज की ओर जाने के साथ राजस्थान और गुजरात के कई प्रमुख शहरों तक रेल से पहुंचने का सीधा अवसर मिलेगा। विशेष रूप से संगम स्नान के लिए प्रयागराज जाने वाले यात्रियों के साथ व्यापार, रोजगार और शिक्षा से जुड़े लोगों के लिए यह सुविधा उपयोगी साबित हो सकती है। ट्रेन के ईदगाह स्टेशन पर ठहराव से शहर के यात्रियों को अपनी यात्रा के लिए एक अतिरिक्त विकल्प उपलब्ध होगा।
आगरा रेल मंडल के जनसंपर्क अधिकारी संजय कुमार गौतम के अनुसार गाड़ी संख्या 20437 प्रयागराज से 24 अगस्त से प्रत्येक सोमवार सुबह 5:20 बजे रवाना होगी। यह ट्रेन ईदगाह स्टेशन पर दोपहर 12:35 बजे पहुंचेगी और यहां पांच मिनट का ठहराव रहेगा। इसके बाद दोपहर 12:40 बजे ट्रेन उधना के लिए रवाना हो जाएगी। इस तरह प्रयागराज से आने वाले यात्रियों को ईदगाह स्टेशन पर उतरने का अवसर मिलेगा, वहीं आगरा से आगे यात्रा करने वाले यात्रियों को भी निर्धारित समय के अनुसार ट्रेन पकड़ने की सुविधा होगी।
प्रयागराज से उधना के बीच चलने वाली यह ट्रेन कई महत्वपूर्ण शहरों और स्टेशनों से होकर गुजरेगी। ईदगाह के बाद इसका मार्ग बयाना, हिंडौन सिटी, गंगापुर सिटी, सवाई माधोपुर, कोटा, रामगंज मंडी, भवानी मंडी, रतलाम और वडोदरा होते हुए उधना तक रहेगा। इस मार्ग में राजस्थान के कई प्रमुख शहर और पर्यटन स्थल जुड़े हुए हैं। ऐसे में ट्रेन का ठहराव केवल धार्मिक यात्रा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यात्रियों को अलग-अलग शहरों तक पहुंचने के लिए भी विकल्प उपलब्ध कराएगा। व्यापार, रोजगार और शिक्षा के सिलसिले में इन क्षेत्रों में आने-जाने वाले यात्रियों के लिए भी रेल सुविधा का महत्व बढ़ जाएगा।
वापसी में गाड़ी संख्या 20438 उधना से 25 अगस्त से प्रत्येक मंगलवार सुबह 6:45 बजे रवाना होगी। यह ट्रेन निर्धारित मार्ग से होते हुए ईदगाह स्टेशन पर रात 9:55 बजे पहुंचेगी। यहां पांच मिनट के ठहराव के बाद रात 10 बजे ट्रेन प्रयागराज के लिए रवाना हो जाएगी। वापसी की इस समय-सारणी से प्रयागराज से लौटने वाले यात्रियों को रात के समय आगरा में उतरने की सुविधा मिलेगी। इससे दिनभर की यात्रा के बाद शहर लौटने वाले यात्रियों को ईदगाह स्टेशन पर उतरने का विकल्प मिलेगा। ट्रेन के दोनों दिशाओं में ठहराव से यात्रियों को आने-जाने की सुविधा मिलेगी और निर्धारित समय के अनुसार यात्रा की योजना बनाना आसान होगा।
अमृत भारत एक्सप्रेस में यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए 22 आधुनिक कोच शामिल किए गए हैं। इनमें दो एलएसएलआरडी, 11 सामान्य कोच, आठ स्लीपर कोच और एक पेंट्रीकार कोच शामिल है। ट्रेन के कोच में यात्रियों के लिए आरामदायक सीटों की सुविधा दी गई है। इसके साथ ही चार्जिंग प्वाइंट, बोतल रखने की जगह और नाश्ता रखने के लिए मेज जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। आधुनिक सुविधाओं से लैस इन कोच के कारण लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों को सफर के दौरान सुविधा मिलने की उम्मीद है। पेंट्रीकार कोच होने से यात्रा के दौरान खानपान की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी।
ट्रेन के मार्ग में आने वाले शहरों का महत्व केवल रेल संपर्क तक सीमित नहीं है। कई स्थान धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण हैं। हिंडौन सिटी में कैलादेवी और नृसिंह जी का मंदिर धार्मिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र बताए गए हैं। इस क्षेत्र से जुड़े यात्रियों और धार्मिक स्थलों की यात्रा करने वालों के लिए ट्रेन का मार्ग उपयोगी हो सकता है। गंगापुर सिटी में श्री महावीर जी जैन मंदिर और घड़मोरा ऐतिहासिक आकर्षण के रूप में उल्लेखित हैं। इस तरह ट्रेन का संचालन धार्मिक और पर्यटन यात्राओं को भी जोड़ने वाला मार्ग उपलब्ध कराता है।
सवाई माधोपुर इस रेल मार्ग का एक प्रमुख पर्यटन केंद्र है। यहां रणथंभौर राष्ट्रीय उद्यान, रणथंभौर किला और त्रिनेत्र गणेश मंदिर देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। ट्रेन के मार्ग में सवाई माधोपुर के शामिल होने से इस क्षेत्र की यात्रा करने वाले यात्रियों को भी रेल संपर्क का लाभ मिल सकता है। इसी तरह कोटा भी शिक्षा और पर्यटन दोनों के लिहाज से महत्वपूर्ण शहर है। यहां सेवन वंडर्स पार्क, चंबल गार्डन और किशोर सागर प्रमुख स्थलों में शामिल हैं। ट्रेन के मार्ग में कोटा का पड़ाव यात्रियों को इस शहर तक पहुंचने का विकल्प देता है।
रामगंज मंडी और भवानी मंडी भी ट्रेन के मार्ग में शामिल हैं। इन दोनों स्थानों में धार्मिक पर्यटन की संभावना का उल्लेख किया गया है। इसके आगे ट्रेन रतलाम पहुंचेगी, जहां कालिका माता सहित प्रमुख मंदिर हैं। इसके बाद वडोदरा के रास्ते उधना तक ट्रेन जाएगी। वडोदरा में लक्ष्मी विलास पैलेस, ईएमई मंदिर और कीर्ति मंदिर प्रमुख पर्यटन केंद्रों के रूप में बताए गए हैं। इस प्रकार प्रयागराज से उधना के बीच चलने वाली ट्रेन का मार्ग कई धार्मिक, ऐतिहासिक और पर्यटन स्थलों को आपस में जोड़ता है।
आगरा के यात्रियों के लिए ट्रेन का ईदगाह पर ठहराव इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि उन्हें प्रयागराज के साथ राजस्थान और गुजरात की ओर जाने के लिए एक नया रेल विकल्प मिलेगा। संगम स्नान के लिए प्रयागराज जाने वाले यात्रियों को ट्रेन से जुड़ी सुविधा मिलेगी तो दूसरी ओर राजस्थान के कई शहरों और आगे गुजरात तक जाने वाले यात्रियों के लिए भी यात्रा का विकल्प बढ़ेगा। व्यापारिक गतिविधियों से जुड़े लोगों के लिए अलग-अलग शहरों तक पहुंचना आसान हो सकता है। रोजगार और शिक्षा के लिए यात्रा करने वाले यात्रियों को भी निर्धारित समय-सारणी के आधार पर अपनी यात्रा तय करने की सुविधा मिलेगी।
ईदगाह स्टेशन पर ठहराव से आगरा में ट्रेन की उपलब्धता के साथ यात्रियों को वापसी में भी सुविधा मिलेगी। उधना से मंगलवार सुबह 6:45 बजे चलने वाली ट्रेन रात 9:55 बजे ईदगाह पहुंचेगी और पांच मिनट बाद रात 10 बजे प्रयागराज के लिए रवाना होगी। इस समय के कारण प्रयागराज से लौटने वाले यात्री रात में आगरा उतर सकेंगे। वहीं प्रयागराज से सोमवार सुबह चलने वाली ट्रेन दोपहर 12:35 बजे ईदगाह पहुंचेगी। पांच मिनट के ठहराव के बाद यह दोपहर 12:40 बजे उधना के लिए रवाना होगी।
नई समय-सारणी और ईदगाह स्टेशन पर ठहराव के साथ अमृत भारत एक्सप्रेस आगरा के यात्रियों को धार्मिक यात्रा, पर्यटन, व्यापार, रोजगार और शिक्षा से जुड़े सफर के लिए एक नया विकल्प उपलब्ध कराएगी। 24 अगस्त से शुरू होने वाला संचालन यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण बदलाव होगा। ट्रेन में आधुनिक कोच और यात्री सुविधाएं भी दी गई हैं। प्रयागराज से उधना तक के मार्ग में शामिल शहरों के धार्मिक और पर्यटन स्थलों के कारण यह रेल सेवा अलग-अलग जरूरतों वाले यात्रियों के लिए उपयोगी हो सकती है। अब ईदगाह पर ठहराव के साथ आगरा के यात्रियों को संगम से लेकर राजस्थान और गुजरात तक रेल सफर का नया रास्ता मिलेगा।
