फतेहाबाद। फतेहाबाद क्षेत्र के पूठपुरा और आसपास के गांवों में पुलिस कार्रवाई को लेकर बढ़ी चिंता के बीच पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा ग्रामीणों के साथ पुलिस आयुक्त दीपक कुमार से मिले। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क हादसे के बाद हुए बवाल के मामले में निर्दोष लोगों को भी जेल भेजा जा रहा है। शिकायत के बाद पुलिस आयुक्त ने थाना फतेहाबाद पुलिस को ग्रामीणों के साथ जन चौपाल आयोजित कर संवाद स्थापित करने और माहौल सामान्य बनाने के निर्देश दिए। इसके बाद पूठपुरा गांव में जन चौपाल का आयोजन किया गया, जहां पुलिस और ग्रामीणों के बीच खुलकर बातचीत हुई।

फतेहाबाद-फिरोजाबाद मार्ग पर 15 जून को हुए सड़क हादसे के बाद उपजे तनाव को कम करने और ग्रामीणों में व्याप्त भय के माहौल को दूर करने के लिए प्रशासन ने संवाद का रास्ता अपनाया है। इसी क्रम में पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा ग्रामीणों के प्रतिनिधिमंडल के साथ पुलिस आयुक्त आगरा दीपक कुमार से मिले और गांवों में चल रही पुलिस कार्रवाई को लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
गौरतलब है कि 15 जून को गांव पूठपुरा के पास एक थार वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौत हो गई थी। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया था। स्थिति उस समय और बिगड़ गई जब प्रदर्शन के दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच टकराव हो गया। इस दौरान पुलिस प्रशासन पर पथराव भी किया गया, जिसमें 11 पुलिसकर्मी घायल हुए थे।
घटना के बाद पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए 35 नामजद और लगभग 250 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद जांच के आधार पर 20 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। इसी कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी और चिंता का माहौल बना हुआ है।

पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात के दौरान कहा कि पुलिस की लगातार दबिश के कारण पूठपुरा, पिन्नापुरा और आसपास के कई गांवों के लोग अपने घर छोड़कर चले गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कार्रवाई के डर से अनेक परिवार गांवों से बाहर हैं और कई घरों में ताले लगे हुए हैं। इससे पशुओं की देखभाल, खेती-किसानी और रोजमर्रा के व्यवसाय प्रभावित हो रहे हैं।
जितेंद्र वर्मा ने पुलिस आयुक्त को बताया कि ग्रामीणों को इस बात की चिंता है कि कहीं निर्दोष लोग भी कार्रवाई की जद में न आ जाएं। उन्होंने मांग की कि किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई करने से पहले निष्पक्ष जांच की जाए और केवल दोषियों के खिलाफ ही कानूनी कदम उठाए जाएं।
ग्रामीणों की बात सुनने के बाद पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने थाना फतेहाबाद पुलिस को दोनों पक्षों के बीच संवाद स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों के साथ जन चौपाल आयोजित कर उनकी समस्याएं सुनी जाएं और पुलिस के प्रति जो भय का माहौल बना है, उसे दूर किया जाए। साथ ही आपसी विश्वास और भाईचारा बनाए रखने पर भी जोर दिया गया।
पुलिस आयुक्त के निर्देशों के बाद प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्र ने पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा की मौजूदगी में गांव पूठपुरा में जन चौपाल का आयोजन किया। चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। इस दौरान ग्रामीणों ने अपनी चिंताएं और शिकायतें पुलिस अधिकारियों के सामने रखीं।
जन चौपाल में प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्र ने स्पष्ट कहा कि सड़क दुर्घटना और हत्या जैसे मामलों की कानूनी प्रकृति अलग-अलग होती है। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य किसी निर्दोष व्यक्ति को परेशान करना नहीं है। पुलिस केवल तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करती है और आगे भी यही प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि जिन लोगों का घटना से कोई संबंध नहीं है, उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। ऐसे लोग निडर होकर अपने घरों में रहें और अपने व्यापार तथा दैनिक कार्य जारी रखें। वहीं जिन व्यक्तियों की भूमिका जांच में सामने आएगी, उनके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रभारी निरीक्षक ने ग्रामीणों से कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग की अपील भी की। उन्होंने कहा कि किसी भी दुर्घटना या विवाद की स्थिति में कानून अपने तरीके से काम करता है, इसलिए लोगों को उग्र होने के बजाय प्रशासन को सहयोग करना चाहिए। उन्होंने युवाओं और अभिभावकों से भी अपील की कि सड़क पर वाहन चलाते समय हेलमेट और सीट बेल्ट जैसे सुरक्षा नियमों का पालन अवश्य करें।
पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा ने भी चौपाल में मौजूद लोगों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण किसी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और धैर्य बनाए रखें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि यदि किसी निर्दोष व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई हुई है तो उसकी भी निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और न्याय दिलाने का प्रयास किया जाएगा।
चौपाल के दौरान ग्रामीणों और पुलिस अधिकारियों के बीच कई मुद्दों पर खुलकर चर्चा हुई। प्रशासन का मानना है कि संवाद के माध्यम से ही तनावपूर्ण परिस्थितियों को सामान्य किया जा सकता है और इसी उद्देश्य से जन चौपाल आयोजित की गई।
कार्यक्रम में देवेंद्र वर्मा एडवोकेट, योगेश चौहान, राजेंद्र सिंह, लेखराज वर्मा, सतीश वर्मा, रामसेवक वर्मा, मनीष वर्मा और पूर्व प्रधान भगवती प्रसाद सहित क्षेत्र के अनेक लोग मौजूद रहे।
जन चौपाल के बाद ग्रामीणों में कुछ हद तक भरोसा बढ़ा है। अब सभी की निगाहें पुलिस जांच और आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हैं। प्रशासन का कहना है कि कानून के दायरे में रहकर निष्पक्ष जांच की जाएगी और किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा, जबकि दोषियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।

