सैंया। आगरा-ग्वालियर हाईवे पर बुधवार सुबह एक भीषण सड़क हादसे ने तीन परिवारों की खुशियां छीन लीं। थाना सैंया क्षेत्र में एक कार का टायर फटने से वह अनियंत्रित होकर डिवाइडर पार कर गई और सामने से आ रही दूसरी कार से भिड़ गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि एक कार पलट गई और दोनों वाहनों में सवार 15 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां तीन लोगों ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया, जबकि 12 अन्य का इलाज जारी है।

आगरा-ग्वालियर हाईवे पर बुधवार सुबह हुए भीषण सड़क हादसे ने एक बार फिर तेज रफ्तार और सड़क सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। थाना सैंया क्षेत्र में कुणाल कॉलेज के पास एक कार का टायर फटने से वह अनियंत्रित हो गई और डिवाइडर पार करते हुए सामने से आ रही दूसरी कार से जा टकराई। हादसा इतना भयावह था कि एक कार सड़क पर पलट गई और दोनों वाहनों में सवार कुल 15 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें से तीन लोगों की उपचार के दौरान मौत हो गई, जबकि 12 अन्य घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।

जानकारी के अनुसार मध्यप्रदेश के दतिया निवासी उर्मिला तिवारी पत्नी हरीमोहन तिवारी, विवेक तिवारी और राखी तिवारी बुधवार सुबह करीब छह बजे कार से आगरा की ओर से दतिया लौट रहे थे। जब उनकी कार थाना सैंया क्षेत्र में स्थित कुणाल कॉलेज के पास पहुंची, तभी अचानक वाहन का टायर फट गया। तेज गति से चल रही कार का संतुलन बिगड़ गया और चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टायर फटने के बाद कार सीधे डिवाइडर की ओर बढ़ी और उसे पार करते हुए दूसरी लेन में पहुंच गई। उसी दौरान धौलपुर की ओर से आ रही एक अर्टिगा कार सामने आ गई। दोनों वाहनों के बीच आमने-सामने की जबरदस्त भिड़ंत हुई। टक्कर का असर इतना अधिक था कि अर्टिगा कार सड़क पर पलट गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और दोनों वाहनों में सवार लोग अंदर फंस गए।
हादसे की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। लोगों ने बिना समय गंवाए राहत कार्य शुरू किया और वाहनों में फंसे घायलों को बाहर निकालने का प्रयास किया। इसी बीच पुलिस को भी सूचना दी गई। सूचना मिलते ही थाना सैंया पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से बचाव अभियान चलाया गया।
थाना प्रभारी गुरविंद्र सिंह पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और घायलों को तत्काल एंबुलेंस तथा अन्य वाहनों की मदद से अस्पताल भेजा गया। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल लोगों को आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज और अन्य अस्पतालों में रेफर किया गया।
पुलिस के अनुसार हादसे में घायल हुए 15 लोगों में से तीन की उपचार के दौरान मौत हो गई। मृतकों में अर्टिगा कार चालक रिंकू पुत्र राकेश शर्मा निवासी तसीमो थाना सैंपऊ, जिला धौलपुर (राजस्थान), विवेक तिवारी पुत्र हरिमोहन तिवारी निवासी दतिया (मध्यप्रदेश) तथा मीना श्रीवास्तव पत्नी अशोक श्रीवास्तव निवासी दतिया (मध्यप्रदेश) शामिल हैं। तीनों की मौत की खबर मिलते ही उनके परिवारों में कोहराम मच गया।
वहीं हादसे में घायल अन्य 12 लोगों का इलाज चल रहा है। चिकित्सकों की निगरानी में उनका उपचार किया जा रहा है। कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है, हालांकि सभी को आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
घटना के बाद हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। दुर्घटनाग्रस्त वाहनों के सड़क पर पड़े रहने के कारण वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने क्रेन की मदद से दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को हटवाया और यातायात को सामान्य कराया। इसके बाद हाईवे पर आवागमन सुचारु रूप से शुरू हो सका।
स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर वाहनों की तेज रफ्तार और टायरों की नियमित जांच न होने के कारण अक्सर दुर्घटनाएं होती रहती हैं। उनका मानना है कि लंबी दूरी की यात्रा से पहले वाहन की तकनीकी जांच कर लेना बेहद जरूरी है, ताकि इस तरह के हादसों से बचा जा सके।
पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही हादसे के संबंध में आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण टायर फटना सामने आया है, लेकिन विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
बुधवार सुबह हुए इस दर्दनाक हादसे ने हाईवे से गुजरने वाले यात्रियों को झकझोर कर रख दिया। कुछ ही सेकंड में हुई इस दुर्घटना ने तीन लोगों की जान ले ली, जबकि कई अन्य लोग जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है और लोग घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।
