आगरा। कागारौल क्षेत्र के लोगों के लिए बैंकिंग सेवाएं अब पहले से अधिक सुलभ हो गई हैं। जनपद की लीड बैंक केनरा बैंक की 98वीं शाखा का शुभारंभ होने के साथ ही ग्रामीणों, किसानों, व्यापारियों, महिलाओं, युवाओं और स्वयं सहायता समूहों को अपने क्षेत्र में ही आधुनिक बैंकिंग सुविधाएं, विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत ऋण और डिजिटल सेवाओं का लाभ मिल सकेगा। उद्घाटन समारोह में कई लाभार्थियों को ऋण स्वीकृति पत्र भी वितरित किए गए।

कागारौल क्षेत्र में सोमवार को जनपद की लीड बैंक केनरा बैंक की 98वीं शाखा का शुभारंभ किया गया। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने फीता काटकर और दीप प्रज्ज्वलित कर शाखा का उद्घाटन किया। नई शाखा के खुलने से ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बैंकिंग सेवाओं के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी और उन्हें अपने क्षेत्र में ही अधिकांश वित्तीय सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी मनीष बंसल ने कहा कि किसी भी ग्रामीण क्षेत्र के विकास में बैंकिंग व्यवस्था की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। नई शाखा शुरू होने से स्थानीय नागरिकों को खाता खोलने, बचत जमा करने, नकद लेन-देन, डिजिटल बैंकिंग और अन्य वित्तीय सेवाओं के लिए शहर का रुख नहीं करना पड़ेगा। इससे समय और धन दोनों की बचत होगी तथा लोगों का बैंकिंग प्रणाली पर विश्वास भी मजबूत होगा।

उन्होंने कहा कि केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अब कागारौल और आसपास के गांवों के पात्र लोगों तक और अधिक प्रभावी ढंग से पहुंचेगा। किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) के माध्यम से कृषि ऋण, युवाओं को मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत स्वरोजगार के लिए ऋण, विद्यार्थियों को शिक्षा ऋण तथा परिवारों को गृह ऋण जैसी सुविधाएं अब अपने क्षेत्र में ही उपलब्ध होंगी। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलने की उम्मीद है।

जिलाधिकारी ने कहा कि बैंकिंग सेवाओं का विस्तार केवल वित्तीय लेन-देन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह रोजगार और आर्थिक सशक्तिकरण का भी माध्यम बनता है। उन्होंने बताया कि नई शाखा में स्वयं सहायता समूह की एक बैंक सखी की नियुक्ति भी की जाएगी, जो घर-घर जाकर लोगों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने का कार्य करेगी। इससे ग्रामीणों को डिजिटल और आधार आधारित बैंकिंग सेवाएं उनके गांव में ही उपलब्ध होंगी। साथ ही बैंक सखी और उसके परिवार की आय में भी वृद्धि होगी।

उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सुविधाओं की उपलब्धता बढ़ने से छोटे व्यापारियों, किसानों, स्वरोजगार से जुड़े लोगों और महिलाओं को आर्थिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। बैंक ऋण और वित्तीय सेवाओं की आसान पहुंच से स्थानीय स्तर पर नए रोजगार और छोटे उद्यमों को भी प्रोत्साहन मिलेगा।

मनीष बंसल ने केनरा बैंक की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए कहा कि बैंक जिले में लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर (एलडीएम) के नेतृत्व में विभिन्न सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में उल्लेखनीय भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि एलडीएम जिले के सभी बैंकों के बीच समन्वय स्थापित कर योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण कड़ी का कार्य करते हैं। यही कारण है कि वित्तीय समावेशन की दिशा में जिले में लगातार सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं।

उन्होंने स्थानीय नागरिकों से अपील की कि वे बैंक की नई शाखा द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और सरकार की विभिन्न ऋण एवं कल्याणकारी योजनाओं से जुड़कर अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाएं। उन्होंने कहा कि बैंकिंग सेवाओं से जुड़ने पर बचत की आदत विकसित होती है, डिजिटल लेन-देन को बढ़ावा मिलता है और लोगों को औपचारिक वित्तीय व्यवस्था का लाभ प्राप्त होता है।
लीड बैंक मैनेजर ऋषिकेश बनर्जी ने कहा कि केनरा बैंक की यह नई शाखा ग्राहकों को आधुनिक बैंकिंग की सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराएगी। शाखा में डिजिटल बैंकिंग, ऑनलाइन लेन-देन, किसान क्रेडिट कार्ड, विभिन्न प्रकार की ऋण सुविधाएं, जमा योजनाएं तथा अन्य वित्तीय सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। उन्होंने कहा कि बैंक का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय सेवाओं की पहुंच बढ़ाना और लोगों को आत्मनिर्भर बनाने में सहयोग करना है।
उन्होंने बताया कि नई शाखा शुरू होने से स्थानीय लोगों को बैंकिंग कार्यों के लिए दूसरे कस्बों या शहरों की यात्रा नहीं करनी पड़ेगी। इससे समय की बचत होगी और ग्रामीण क्षेत्र में व्यापारिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। स्थानीय लोगों ने भी बैंक शाखा खुलने का स्वागत करते हुए कहा कि यह सुविधा लंबे समय से क्षेत्र की आवश्यकता थी और अब आम नागरिकों को काफी राहत मिलेगी।
उद्घाटन समारोह के दौरान मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के अंतर्गत छह लाभार्थियों को ऋण स्वीकृति पत्र वितरित किए गए। रवि, संतोष, किशन, राहुल, मुकेश और असलम उस्मानी को पांच-पांच लाख रुपये के ऋण स्वीकृति पत्र प्रदान किए गए, जिससे वे अपना स्वरोजगार स्थापित कर सकें।
इसके अलावा स्त्री शक्ति योजना के तहत महिलाओं को भी आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में ऋण वितरित किए गए। सोमवती, शीला, भूरी देवी, रूबी और सीमा देवी को 50-50 हजार रुपये की ऋण सुविधा स्वीकृत कर लाभान्वित किया गया। अधिकारियों ने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और छोटे व्यवसायों को बढ़ावा देना है।
कार्यक्रम का संचालन एलबीओ अंकित सहगल ने किया। समारोह में केनरा बैंक के महाप्रबंधक सुनित कुमार सिंह, सत्य प्रकाश सिंह, सहायक महाप्रबंधक, ग्राम प्रधान सहित बैंक के अधिकारी, विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि, क्षेत्र के गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान बैंकिंग सेवाओं के विस्तार, वित्तीय समावेशन और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर भी विस्तार से जानकारी साझा की गई।
नई शाखा के शुभारंभ के साथ कागारौल क्षेत्र में बैंकिंग सुविधाओं का दायरा और मजबूत हुआ है। स्थानीय लोगों का मानना है कि इससे न केवल वित्तीय सेवाएं आसान होंगी, बल्कि कृषि, व्यापार, स्वरोजगार और महिला सशक्तिकरण से जुड़े प्रयासों को भी नई दिशा मिलेगी। ग्रामीण क्षेत्र में बैंकिंग नेटवर्क के विस्तार को आर्थिक विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
