आगरा। सूरसदन प्रेक्षागृह में मंगलवार को अयोध्या से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं तथा महिला कल्याण विभाग के लाभार्थियों के सम्मान और नव नियुक्त आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों व सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम का सजीव प्रसारण देखा और सुना गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की मौजूदगी में जनपद के लाभार्थियों और उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को सम्मानित किया गया। इस दौरान सैम श्रेणी से सामान्य श्रेणी में सुधार करने वाले पांच बच्चों के अभिभावकों को पोषण पोटली दी गई, पांच आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए और पांच नवचयनित आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को नियुक्ति पत्र दिए गए। मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत आठ बच्चों को लैपटॉप, दो लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र, कन्या सुमंगला योजना के दो लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र तथा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के तहत हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की 10 मेधावी छात्राओं को सम्मान पत्र और डमी चेक देकर सम्मानित किया गया।

सूरसदन में आयोजित कार्यक्रम में विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, विधायक जीएस धर्मेश, जिला पंचायत अध्यक्ष मंजू भदौरिया और जिलाधिकारी मनीष बंसल मौजूद रहे। अयोध्या में आयोजित मुख्य कार्यक्रम के सजीव प्रसारण के दौरान प्रदेश के विभिन्न जनपदों से चयनित नव नियुक्त आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए जाने और पोषण, शिक्षा तथा महिला कल्याण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों, सहायिकाओं एवं अधीक्षिकाओं तथा मेधावी बच्चों को सम्मानित किए जाने की जानकारी दी गई।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण, प्रारंभिक बाल शिक्षा तथा महिला एवं बाल कल्याण से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से धरातल तक पहुंचाने में आंगनबाड़ी केंद्रों की महत्वपूर्ण भूमिका है। आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां और सहायिकाएं सरकार की योजनाओं और जरूरतमंद परिवारों के बीच महत्वपूर्ण कड़ी का काम करती हैं। उनके स्तर पर होने वाले प्रयासों से योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने में मदद मिलती है।

जनपद स्तर पर आयोजित कार्यक्रम में सैम श्रेणी से सामान्य श्रेणी में सुधार करने वाले पांच बच्चों के अभिभावकों को पोषण पोटली प्रदान की गई। इसमें बच्चों के पोषण स्तर में सुधार के लिए परिवारों द्वारा किए गए प्रयासों को भी प्रोत्साहन दिया गया। इसके अलावा जनपद में उत्कृष्ट कार्य करने वाली पांच आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों किरन, कुसुम शर्मा, ऋचा अग्रवाल, भावना सक्सेना और सुधा यादव को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। उनके कार्यों को बाल विकास, पोषण और महिला-बाल कल्याण से जुड़ी सेवाओं में योगदान के लिए सराहा गया।

कार्यक्रम में नवचयनित पांच आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं और अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां और सहायिकाएं सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बच्चों, महिलाओं और परिवारों से सीधे संपर्क के कारण इनकी जिम्मेदारी और बढ़ जाती है।

मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (कोविड-19) के अंतर्गत जनपद के आठ लाभार्थी बच्चों डॉली बैजल, अर्थव उपाध्याय, सक्षम चौधरी, लक्ष्य अग्रवाल, धनंजय, पलक बंसल, सार्थक मिश्रा और नव्या मिश्रा को लैपटॉप वितरित किए गए। वहीं मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (सामान्य) के दो लाभार्थियों अदिति वर्मा और स्नेहा को स्वीकृति पत्र प्रदान किए गए। इन योजनाओं के माध्यम से लाभार्थी बच्चों को शासन की ओर से निर्धारित सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।

कन्या सुमंगला योजना के दो लाभार्थियों को भी स्वीकृति पत्र प्रदान किए गए। वहीं बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के तहत हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की 10 मेधावी छात्राओं मुस्कान, विग्देश, महिमा वर्मा, अंतरिका राजपूत, आराध्या वर्मा, सपना, राधिका, खुशी जैन, अंजली और याशिका को सम्मान पत्र एवं डमी चेक देकर सम्मानित किया गया। छात्राओं को सम्मान मिलने से उनकी उपलब्धि को पहचान मिली और उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहन भी मिला।
कार्यक्रम में मौजूद अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार की योजनाओं का उद्देश्य तभी पूरा होता है, जब उनका लाभ सही व्यक्ति तक समय से पहुंचे। आंगनबाड़ी केंद्र इस व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बच्चों के पोषण, प्रारंभिक शिक्षा, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा महिलाओं और बच्चों से जुड़ी विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में कार्यकत्रियों और सहायिकाओं की जिम्मेदारी अहम है। इसी कारण उनके बेहतर कार्य को प्रोत्साहित करने के साथ नई नियुक्तियों के माध्यम से व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है।
सूरसदन में कार्यक्रम के दौरान बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार तथा महिला कल्याण विभाग से जुड़े अधिकारी-कर्मचारी, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां, सहायिकाएं, लाभार्थी और अन्य संबंधित लोग मौजूद रहे। जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज मौर्या और जिला परिवीक्षा अधिकारी अतुल सोनी सहित विभागीय अधिकारी भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सम्मान, नियुक्ति पत्र और विभिन्न योजनाओं के लाभ मिलने से लाभार्थियों और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों में उत्साह दिखाई दिया। अधिकारियों ने नव नियुक्त कार्यकत्रियों को जिम्मेदारी के साथ काम करने और विभागीय योजनाओं को जरूरतमंदों तक पहुंचाने का संदेश दिया।
