आगरा। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर दृष्टिबाधित आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं ने जिलाधिकारी मनीष बंसल की कलाई पर राखियां बांधकर भाई-बहन के स्नेह का संदेश दिया। छात्राओं के इस अपनत्व से भावुक हुए जिलाधिकारी ने उन्हें उपहार भेंट किए और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने बच्चियों से पढ़ाई-लिखाई, विद्यालय की व्यवस्थाओं, खान-पान और रहने की सुविधाओं के बारे में जानकारी ली तथा मन लगाकर शिक्षा ग्रहण करने के लिए प्रेरित किया। इसी अवसर पर उन्होंने प्रदेश सरकार की ओर से महिलाओं को दिए गए रक्षाबंधन के विशेष तोहफे की जानकारी भी दी।
27 अगस्त की सुबह छह बजे से 29 अगस्त की मध्यरात्रि 12 बजे तक उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की समस्त बसों में महिलाएं एक सहयात्री के साथ निःशुल्क यात्रा कर सकेंगी। वहीं 60 वर्ष और उससे अधिक आयु की महिलाओं के लिए ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना शुरू की गई है। जिलाधिकारी ने पर्व को देखते हुए बाजारों में अतिरिक्त सुरक्षा, साफ-सफाई, व्यवस्थित पार्किंग और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं।
रक्षाबंधन केवल भाई की कलाई पर राखी बांधने और उपहार देने का पर्व नहीं है, बल्कि यह रिश्तों में भरोसे, अपनत्व और जिम्मेदारी का संदेश भी देता है। आगरा में इस पर्व पर जिलाधिकारी मनीष बंसल ने दृष्टिबाधित बालिकाओं के साथ समय बिताकर इसी भाव को सामने रखा। दृष्टिबाधित आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं ने जिलाधिकारी से मुलाकात की और उनकी कलाई पर राखियां बांधीं। छात्राओं ने जिस आत्मीयता के साथ यह पर्व मनाया, उसे जिलाधिकारी ने भी पूरे स्नेह के साथ स्वीकार किया।

राखी बंधवाने के बाद मनीष बंसल ने छात्राओं को उपहार भेंट किए। उन्होंने बच्चियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि वे अपनी पढ़ाई पर ध्यान दें और आगे बढ़ने के लिए लगातार प्रयास करती रहें। जिलाधिकारी ने छात्राओं के साथ औपचारिक बातचीत तक सीमित रहने के बजाय उनकी रोजमर्रा की जरूरतों और विद्यालय में मिलने वाली सुविधाओं के बारे में भी जानकारी ली। उन्होंने पूछा कि पढ़ाई कैसी चल रही है, विद्यालय में व्यवस्थाएं कैसी हैं और छात्राओं को किसी तरह की परेशानी तो नहीं हो रही है।
उन्होंने छात्राओं से खान-पान के बारे में भी जानकारी ली। रहने की सुविधाओं को लेकर भी बच्चियों से बातचीत की गई। विद्यालय में उन्हें किस तरह की सुविधाएं मिल रही हैं और दैनिक जीवन में किन आवश्यकताओं का सामना करना पड़ता है, इस संबंध में जिलाधिकारी ने छात्राओं की बात सुनी। इस दौरान उन्होंने बच्चियों को प्रोत्साहित किया कि शिक्षा को अपने जीवन की सबसे महत्वपूर्ण प्राथमिकता बनाएं। मन लगाकर पढ़ाई करने से वे अपने सपनों को पूरा कर सकती हैं और भविष्य में अपनी अलग पहचान बना सकती हैं।
रक्षाबंधन के इसी अवसर पर महिलाओं के लिए प्रदेश सरकार की ओर से दी गई परिवहन सुविधा की जानकारी भी जिलाधिकारी ने साझा की। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा उत्तर प्रदेश की 60 वर्ष एवं उससे अधिक आयु की महिलाओं के लिए निःशुल्क बस यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराने वाली ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना का शुभारंभ किया गया है। इस योजना के माध्यम से वरिष्ठ आयु वर्ग की महिलाओं को सार्वजनिक परिवहन में यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराने की पहल की गई है।
इसके साथ ही रक्षाबंधन पर्व को देखते हुए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की सभी बसों में महिलाओं के लिए विशेष निःशुल्क यात्रा सुविधा प्रदान की गई है। 27 अगस्त 2026 की सुबह छह बजे से 29 अगस्त 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे तक महिलाएं एक सहयात्री के साथ बसों में बिना किराया दिए यात्रा कर सकेंगी। जिलाधिकारी ने महिलाओं से इस सुविधा का लाभ उठाने की अपील की।
रक्षाबंधन के दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं अपने मायके जाने के लिए बसों और अन्य सार्वजनिक परिवहन साधनों का इस्तेमाल करती हैं। ऐसे में परिवहन सुविधा को लेकर दी गई यह छूट पर्व के दौरान सफर करने वाली महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि 27 अगस्त की सुबह छह बजे से शुरू होने वाली यह सुविधा 29 अगस्त की रात 12 बजे तक लागू रहेगी। इस अवधि में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की समस्त बसों में महिला यात्रियों को एक सहयात्री सहित निःशुल्क यात्रा का लाभ मिलेगा।
60 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिलाओं के लिए शुरू की गई ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना इस विशेष सुविधा से अलग महत्वपूर्ण पहल है। जिलाधिकारी ने इसका उल्लेख करते हुए बताया कि वरिष्ठ महिलाओं को निःशुल्क बस यात्रा उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं के लिए परिवहन सुविधा से जुड़ी इन दोनों व्यवस्थाओं की जानकारी अधिक से अधिक पात्र लोगों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया गया।
पर्व के दौरान बाजारों और प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर भीड़ बढ़ने की संभावना को देखते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन को देखते हुए बाजारों में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था रहनी चाहिए। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो और खरीदारी के दौरान सुरक्षित माहौल बना रहे, इसके लिए संबंधित विभागों को अपने स्तर से तैयारियां पूरी रखने को कहा गया है।
साफ-सफाई को लेकर भी विशेष व्यवस्था के निर्देश दिए गए हैं। पर्व के दौरान बाजारों में सामान्य दिनों की तुलना में अधिक लोगों की आवाजाही होती है। ऐसे में दुकानों, बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता बनाए रखना जरूरी है। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को सफाई व्यवस्था समुचित रखने के लिए कहा है ताकि पर्व के दौरान नागरिकों को गंदगी या अव्यवस्था का सामना न करना पड़े।
पार्किंग व्यवस्था को लेकर भी दिशा-निर्देश दिए गए हैं। रक्षाबंधन के दौरान बाजारों में खरीदारी के लिए आने वाले लोगों की संख्या बढ़ने से सड़कों और बाजार क्षेत्रों में वाहनों का दबाव बढ़ सकता है। इसे देखते हुए व्यवस्थित पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों को निर्देशित किया गया है। उद्देश्य यह है कि बाजारों में आने वाले लोगों को वाहन खड़ा करने में परेशानी न हो और अनावश्यक जाम की स्थिति न बने।
प्रकाश व्यवस्था को भी पर्व की तैयारियों में शामिल किया गया है। बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर पर्याप्त रोशनी रहने से लोगों की आवाजाही सुविधाजनक होती है। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को प्रकाश व्यवस्था की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। सुरक्षा, स्वच्छता, पार्किंग और रोशनी से जुड़ी व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने पर जोर दिया गया है।
इस तरह रक्षाबंधन के मौके पर आगरा में एक ओर दृष्टिबाधित बालिका विद्यालय की छात्राओं ने जिलाधिकारी की कलाई पर राखी बांधकर आत्मीयता का संदेश दिया, वहीं दूसरी ओर महिलाओं के लिए निःशुल्क बस यात्रा जैसी सुविधाओं की जानकारी सामने आई। छात्राओं से संवाद के दौरान जिलाधिकारी ने उनके अध्ययन और जीवन से जुड़ी आवश्यकताओं को समझने का प्रयास किया। उपहार देकर उन्होंने बच्चियों का उत्साह बढ़ाया और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
रक्षाबंधन पर महिलाओं को मिली परिवहन सुविधा के साथ बाजारों के लिए जारी निर्देशों का उद्देश्य भी पर्व को सुविधाजनक और सुरक्षित बनाना है। 27 से 29 अगस्त के बीच निःशुल्क बस यात्रा का लाभ लेने वाली महिलाएं एक सहयात्री के साथ यात्रा कर सकती हैं। वहीं 60 वर्ष और उससे अधिक आयु की महिलाओं के लिए ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना के शुभारंभ को महिला यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण पहल के रूप में बताया गया।
जिलाधिकारी ने महिलाओं से उपलब्ध सुविधा का लाभ उठाने की अपील की है। साथ ही संबंधित विभागों को सुरक्षा, साफ-सफाई, पार्किंग और प्रकाश व्यवस्था से जुड़े इंतजामों में किसी तरह की कमी न रहने देने के निर्देश दिए हैं। रक्षाबंधन के अवसर पर छात्राओं के साथ जिलाधिकारी का संवाद और महिलाओं के लिए निःशुल्क यात्रा की सुविधा दोनों ही पर्व के सामाजिक सरोकारों को सामने लाते हैं। एक तरफ भाई-बहन के रिश्ते की आत्मीयता दिखाई दी तो दूसरी तरफ महिलाओं की सुविधा और सुरक्षित आवागमन को लेकर व्यवस्थाओं पर जोर दिया गया।
