आगरा। सुभाष बाजार में दो मंजिला कपड़ा दुकान ढहने के 72 घंटे बाद भी मलबे में लापता 60 वर्षीय गंगा देवी का कोई सुराग नहीं मिल सका है। नगर निगम, पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। घटनास्थल से करीब 700 मीटर दूर आगरा किला के पास नाले का लिंटर तोड़कर मलबा हटाया जा रहा है। लगभग एक किलोमीटर तक नाले की तलाशी ली जा चुकी है, लेकिन अब तक सफलता हाथ नहीं लगी है।
सुभाष बाजार में 8 जुलाई को हुई दर्दनाक दुर्घटना के तीन दिन बाद भी लापता 60 वर्षीय गंगा देवी का कोई पता नहीं चल सका है। नगर निगम, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम लगातार राहत एवं खोज अभियान चला रही है। आशंका है कि तेज बहाव के कारण गंगा देवी नाले में बहकर मलबे के साथ आगे चली गई हों। इसी संभावना को देखते हुए घटनास्थल से करीब 700 मीटर दूर आगरा किला के निकट नाले का लिंटर तोड़कर जेसीबी की मदद से मलबा निकाला जा रहा है। अब तक लगभग एक किलोमीटर के दायरे में नाले की तलाशी ली जा चुकी है।
यह हादसा 8 जुलाई की दोपहर उस समय हुआ था, जब शहर में लगातार तेज बारिश हो रही थी। जामा मस्जिद के पीछे सुभाष बाजार में नाले के ऊपर बनी राधा स्वामी क्लॉथ स्टोर नाम की दो मंजिला कपड़े की दुकान अचानक भरभराकर ढह गई। तेज बारिश के कारण नाले में पानी का बहाव बेहद तेज था। दुकान का बड़ा हिस्सा सीधे नाले में समा गया और वहां मौजूद लोग मलबे के साथ नीचे दब गए। कुछ ही सेकंड में पूरे बाजार में अफरा-तफरी मच गई और लोगों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के व्यापारी तथा स्थानीय लोग मदद के लिए दौड़ पड़े।
दुर्घटना के समय दुकान के भीतर और आसपास कुल छह लोग मौजूद थे। इनमें दुकानदार तुलाराम, उनका पौत्र कृष्णा, कर्मचारी लाल, खरीदारी करने आईं सैंया के नगला तेजा निवासी तथा लखनऊ में तैनात महिला सिपाही अनीता, उनकी 60 वर्षीय मां गंगा देवी और डेढ़ वर्ष की बेटी अनन्या शामिल थीं। स्थानीय व्यापारियों और लोगों ने सबसे पहले महिला सिपाही अनीता और उनकी मासूम बेटी अनन्या को सुरक्षित बाहर निकाला।
इसके बाद दुकानदार तुलाराम को भी बाहर निकाल लिया गया। सूचना मिलने पर पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंचे तथा स्थानीय लोगों की मदद से कृष्णा और कर्मचारी लाल को भी मलबे से निकाल लिया गया। हालांकि गंगा देवी का कोई पता नहीं चल सका और तभी से उनकी तलाश लगातार जारी है।
दुर्घटना के बाद से नगर निगम और प्रशासन ने राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी रखा है। शुरुआती दौर में घटनास्थल पर मलबा हटाकर तलाश की गई, लेकिन जब वहां कोई सफलता नहीं मिली तो नाले के भीतर खोज अभियान का दायरा बढ़ाया गया। विशेषज्ञों की राय के बाद नाले में तेज बहाव की दिशा को देखते हुए घटनास्थल से आगे कई स्थानों पर तलाशी शुरू की गई।
फिलहाल आगरा किला के पास, जो घटनास्थल से लगभग 700 मीटर दूर है, नाले का लिंटर तोड़कर जेसीबी और अन्य मशीनों की सहायता से मलबा हटाया जा रहा है। नाले में जमा कचरा, पत्थर, ईंटें, लोहे के टुकड़े और अन्य मलबे को बाहर निकालकर उसकी गहन जांच की जा रही है। अब तक करीब एक किलोमीटर लंबे हिस्से की तलाशी ली जा चुकी है, लेकिन गंगा देवी का कोई सुराग नहीं मिला है।
प्रशासन ने सुरक्षा की दृष्टि से उस स्थान पर बैरिकेडिंग कर दी है, जहां दो मंजिला दुकान नाले में समाई थी। दुर्घटनास्थल के आसपास आम लोगों की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित कर दी गई है, ताकि राहत एवं खोज अभियान में किसी प्रकार की बाधा न आए और कोई दूसरा हादसा न हो।
इस बीच शुक्रवार को गंगा देवी के परिजनों का सब्र जवाब दे गया। महिला का कोई पता न चलने से नाराज परिजनों ने सुभाष बाजार पहुंचकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। आक्रोशित लोगों ने बाजार में हंगामा किया और पथराव भी किया। उनका आरोप था कि प्रशासन गंगा देवी की तलाश में अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखा रहा है और राहत कार्य की गति धीमी है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल को मौके पर तैनात करना पड़ा। अधिकारियों ने परिजनों को भरोसा दिलाया कि खोज अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक गंगा देवी का पता नहीं चल जाता।
शनिवार को हालांकि परिजन घटनास्थल पर मौजूद नहीं थे। बताया गया कि वे अपने गांव लौट गए हैं, लेकिन प्रशासन लगातार उनके संपर्क में है और खोज अभियान की प्रगति की जानकारी उन्हें दी जा रही है।
नगर निगम और प्रशासन का कहना है कि राहत एवं खोज अभियान बिना रुके जारी रहेगा। नाले के जिन हिस्सों में मलबा जमा होने की संभावना है, वहां मशीनों की मदद से लगातार सफाई की जा रही है। यदि आवश्यकता पड़ी तो तलाशी का दायरा और बढ़ाया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है और हर स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं ताकि लापता महिला का जल्द से जल्द पता लगाया जा सके।
सुभाष बाजार की यह दुर्घटना शहर के सबसे बड़े हादसों में से एक मानी जा रही है। तेज बारिश, नाले के ऊपर बना निर्माण और अचानक ढही दो मंजिला दुकान ने एक परिवार को गहरे संकट में डाल दिया है। जहां पांच लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, वहीं गंगा देवी की तलाश चौथे दिन में प्रवेश करने के बावजूद जारी है। पूरे शहर की निगाहें अब इस सर्च ऑपरेशन पर टिकी हैं और हर किसी को उस पल का इंतजार है, जब लापता बुजुर्ग महिला का कोई सुराग मिल सके।
