हत्या के बाद बाथरूम में मिट्टी भरकर कराया प्लास्टर
मिस्त्री बुलाकर लगवाईं टाइल्स, 45 दिन तक
पति के लापता होने की कहानी सुनाती रही महिला
आगरा। सिकंदरा क्षेत्र से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक महिला ने कथित रूप से अपने पति की हत्या करने के बाद शव को घर के बाथरूम में ही दफना दिया। हत्या के सबूत मिटाने के लिए बाथरूम की फर्श पर पहले मिट्टी डलवाई गई, फिर प्लास्टर कराया गया और बाद में नई टाइल्स लगवा दी गईं। करीब डेढ़ महीने तक महिला परिवार, रिश्तेदारों और पड़ोसियों को यह कहती रही कि उसका पति लापता है। शुक्रवार को पुलिस की पूछताछ के दौरान मामला खुला तो पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने बाथरूम की फर्श तुड़वाकर वहां से कंकाल बरामद किया, जिसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
पुराने मामले की जांच के दौरान खुला राज
शुक्रवार दोपहर पुलिस एक अन्य मामले के संबंध में सत्यापन और पूछताछ के लिए महिला के घर पहुंची थी। बातचीत के दौरान पुलिस को उसके जवाब और हावभाव संदिग्ध लगे। इसी बीच मृतक के भाई की ओर से भी पुलिस को सूचना मिली कि सुरेंद्र के गायब होने के मामले में गंभीरता से जांच की जाए। संदेह गहराने पर पुलिस ने घर की बारीकी से तलाशी शुरू की। जांच के दौरान बाथरूम की फर्श बाकी हिस्सों की तुलना में अलग दिखाई दी। पुलिस ने जब फर्श खुदवानी शुरू की तो कुछ ही देर बाद वहां से मानव कंकाल बरामद हुआ। इसके बाद महिला से सख्ती से पूछताछ की गई, जिसमें उसने पति की हत्या कर शव दफनाने की बात स्वीकार कर ली।
18 मई से लापता था सुरेंद्र, 26 मई को दर्ज कराई गई थी गुमशुदगी
मृतक की पहचान भरतपुर निवासी 44 वर्षीय सुरेंद्र कुमार शर्मा के रूप में हुई है, जो सिकंदरा क्षेत्र की रेणुका धाम कॉलोनी में अपने परिवार के साथ रह रहे थे। वर्ष 2010 में उनकी शादी इटावा निवासी रूबी से हुई थी। दंपती की दो बेटियां हैं। परिवार में सुरेंद्र की बुजुर्ग मां भी साथ रहती थीं।
बताया गया कि 18 मई के बाद से सुरेंद्र दिखाई नहीं दिए। इसके बाद 26 मई को पत्नी रूबी ने थाने में उनके लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने उस समय गुमशुदगी के आधार पर तलाश शुरू की थी। सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले गए, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इस दौरान रूबी लगातार यही कहती रही कि उसका पति कहीं चला गया है और जल्द लौट आएगा।

हत्या के बाद सबूत मिटाने के लिए रची गई पूरी साजिश
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि हत्या के बाद महिला ने शव को घर के बाथरूम में ही दबा दिया। इसके बाद शव के ऊपर मिट्टी डाली गई और प्लास्टर कराया गया। इतना ही नहीं, किसी को शक न हो इसलिए मिस्त्री और मजदूर बुलाकर बाथरूम में नई टाइल्स भी लगवा दी गईं। इस पूरी प्रक्रिया को सामान्य मरम्मत का रूप दिया गया, जिससे किसी को अंदाजा तक नहीं हो सका कि उसी फर्श के नीचे एक शव दफन है।
पुलिस अब यह भी पता लगा रही है कि टाइल्स लगाने वाले मजदूरों को इस बारे में कोई जानकारी थी या नहीं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि हत्या के बाद सबूत मिटाने में किसी अन्य व्यक्ति ने महिला की मदद तो नहीं की।
भाई को पहले लापता होने की कहानी सुनाई, बाद में खुद कबूला सच
मृतक के भाई अनिल शर्मा के अनुसार, सुरेंद्र शराब पीने का आदी था, जिससे पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। 18 मई को रूबी ने फोन कर बताया कि पुलिस उसके घर दबिश देने आ रही है, इसलिए मां और दोनों बच्चियों को अपने साथ ले जाएं। अगले दिन वह खुद भी उनके घर पहुंच गई और कहा कि सुरेंद्र चार-पांच दिन के लिए कहीं चले गए हैं।
जब कई दिनों तक सुरेंद्र का कोई पता नहीं चला तो 26 मई को गुमशुदगी दर्ज कराई गई। परिवार लगातार उसकी तलाश करता रहा, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। अनिल का कहना है कि उन्होंने कई बार रूबी से सुरेंद्र के बारे में पूछा, लेकिन हर बार उसने यही कहा कि वह लौट आएंगे।
बैंक खाते की जांच के बाद बढ़ा शक
अनिल शर्मा ने बताया कि कुछ दिन पहले वह अपनी मां को भरतपुर लेकर गए थे। वहां उन्होंने मां के बैंक खाते का विवरण निकलवाया क्योंकि उनकी पेंशन उसी खाते में आती थी और उसका संचालन रूबी कर रही थी। इसी दौरान उन्हें कई बातों पर संदेह हुआ। शुक्रवार सुबह रूबी ने खुद उन्हें फोन कर घर बुलाया। जब वह सुबह घर पहुंचे और सुरेंद्र के बारे में पूछा तो रूबी ने कथित रूप से कहा कि उसने सुरेंद्र की हत्या कर शव बाथरूम में दफना दिया है। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और पूरा मामला सामने आ गया।
इलाके में मची सनसनी, घर के बाहर जुटी भीड़
जैसे ही पुलिस ने बाथरूम की फर्श तोड़कर कंकाल बरामद किया, पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। देखते ही देखते आसपास के लोग बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। लोगों के लिए यह विश्वास करना मुश्किल था कि जिस घर में पिछले डेढ़ महीने से सामान्य दिनचर्या चल रही थी, उसी घर के बाथरूम के नीचे एक शव दफन था। पुलिस ने मौके को सील कर फोरेंसिक टीम को बुलाया और साक्ष्य एकत्र किए।
हत्या में किसी और की भूमिका से भी इनकार नहीं
प्राथमिक जांच के आधार पर पुलिस का मानना है कि इतनी बड़ी वारदात को अकेले अंजाम देना आसान नहीं था। शव को दफनाने, फर्श तैयार कराने और लंबे समय तक घटना को छिपाए रखने में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका भी हो सकती है। इसी पहलू को ध्यान में रखते हुए पुलिस महिला से लगातार पूछताछ कर रही है। उसके मोबाइल फोन, कॉल डिटेल, वित्तीय लेन-देन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच पर टिकी जांच
पुलिस ने बरामद कंकाल को पोस्टमार्टम और वैज्ञानिक परीक्षण के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत का कारण, हत्या का तरीका और अनुमानित समय स्पष्ट होने की उम्मीद है। फोरेंसिक टीम बाथरूम से मिले नमूनों की भी जांच करेगी ताकि घटना से जुड़े सभी वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए जा सकें। पुलिस का कहना है कि रिपोर्ट मिलने के बाद हत्या की धाराओं में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस हर पहलू की कर रही जांच
फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की गहराई से जांच कर रही है। हत्या के पीछे घरेलू विवाद, आर्थिक कारण या कोई अन्य वजह रही, इसे लेकर अभी कोई आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है। साथ ही यह भी जांच का विषय है कि हत्या के बाद महिला ने इतने लंबे समय तक गुमशुदगी का नाटक कैसे जारी रखा और क्या किसी अन्य व्यक्ति को इस घटना की जानकारी थी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने और वैज्ञानिक रिपोर्ट मिलने के बाद पूरे मामले का विस्तृत खुलासा किया जाएगा। फिलहाल इस सनसनीखेज वारदात ने आगरा ही नहीं, आसपास के जिलों में भी लोगों को झकझोर कर रख दिया है।
