आगरा। खेरागढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जिलाधिकारी मनीष बंसल ने औचक निरीक्षण कर अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं, जांच सुविधाओं, दवा उपलब्धता और मरीजों को मिलने वाली चिकित्सा व्यवस्था का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न वार्डों, लैब, इमरजेंसी और दवा स्टोर का निरीक्षण करते हुए व्यवस्थाओं को सुधारने और सेवाओं को अधिक पारदर्शी बनाने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी मनीष बंसल ने खेरागढ़ स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर सबसे पहले इमरजेंसी वार्ड का निरीक्षण किया। यहां मौजूद चिकित्सा सुविधाओं और मरीजों को दी जा रही सेवाओं की स्थिति की जानकारी ली गई। इसके बाद उन्होंने एक्स-रे कक्ष, पैथोलॉजी लैब, नेत्र चिकित्सा कक्ष और दवा स्टोर रूम का अवलोकन किया। दवा भंडारण व्यवस्था और उपलब्ध दवाओं की सूची का भी परीक्षण किया गया, जिसमें संबंधित अधिकारियों ने बताया कि केंद्र पर आवश्यक दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने जच्चा-बच्चा कक्ष का भी निरीक्षण किया, जहां उस समय दो महिलाएं भर्ती थीं। उन्होंने जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत मिलने वाले लाभों की प्रक्रिया को देखा और लाभार्थियों के बैंक खाते के सत्यापन की स्थिति की जानकारी ली। संबंधित रजिस्टरों की जांच में पाया गया कि लाभार्थियों के बैंक विवरण विधिवत रूप से दर्ज हैं और रिकॉर्ड अपडेट रखा गया है।

इसके बाद जिलाधिकारी ने जनरल वार्ड का निरीक्षण किया, जहां चार मरीज भर्ती थे। चिकित्सकों द्वारा उनकी स्थिति सामान्य बताई गई और चिकित्सकीय परामर्श के बाद सभी मरीजों को उसी दिन डिस्चार्ज कर दिया गया। उन्होंने मरीजों को दी जा रही देखभाल की गुणवत्ता की भी समीक्षा की।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल की जांच सुविधाओं की जानकारी आमजन तक सरल तरीके से पहुंचाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध जांचों की सूची को दीवारों पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाए, साथ ही पंपलेट के माध्यम से भी लोगों को इसकी जानकारी दी जाए ताकि मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। जानकारी के अनुसार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कुल 97 प्रकार की जांचों में से 56 प्रकार की जांचें उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों को काफी राहत मिल रही है।

जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने निर्देश दिए कि मरीजों को समय पर इलाज, दवाओं की उपलब्धता और जांच सुविधाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सभी रजिस्टरों को नियमित रूप से अपडेट रखने और अस्पताल में साफ-सफाई व्यवस्था को और बेहतर बनाने पर भी जोर दिया गया।
निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी खेरागढ़, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुखेश गुप्ता, डॉ. आर.के. सहित कुलदीप भारद्वाज और अन्य स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे अस्पताल की व्यवस्थाओं को नियमित रूप से मॉनिटर करें और किसी भी समस्या का त्वरित समाधान सुनिश्चित करें।
अंत में जिलाधिकारी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की मजबूती के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए इनकी कार्यप्रणाली को लगातार सुधारना आवश्यक है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि मरीजों को बेहतर सुविधा देने के लिए सभी संसाधनों का प्रभावी उपयोग किया जाए और आमजन को किसी भी स्तर पर असुविधा न हो।

