आगरा। आगरा विकास प्राधिकरण की 152वीं बोर्ड बैठक में शहर के विकास और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा के बाद स्वीकृति प्रदान की गई। बैठक में इनर रिंग रोड द्वितीय चरण के तहत टोल प्लाजा निर्माण, शास्त्रीपुरम और यूपीएसआईडीसी क्षेत्र में जल निकासी व्यवस्था, ताजनगरी फेस-2 के जर्जर आवासों के पुनर्वास, ककुआ-भांडई आवासीय योजना में कन्वेंशन सेंटर निर्माण, इंटरनेशनल इंडोर स्टेडियम सहित कई परियोजनाओं की समीक्षा की गई। इसके साथ ही ग्रेटर आगरा योजना, सीमा विस्तार और शहर की यातायात व्यवस्था से जुड़े विषयों पर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

शहर की बढ़ती आबादी और भविष्य की जरूरतों को देखते हुए आधारभूत ढांचे का विस्तार और योजनाबद्ध विकास प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी उद्देश्य के साथ आगरा विकास प्राधिकरण की 152वीं बोर्ड बैठक आयोजित की गई, जिसमें शहर के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई और विभिन्न प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक की अध्यक्षता मंडलायुक्त नगेन्द्र प्रताप ने की।
बैठक की शुरुआत पूर्व बोर्ड बैठकों में लिए गए निर्णयों के अनुपालन की समीक्षा से हुई। सबसे पहले आगरा इनर रिंग रोड के द्वितीय चरण के अंतर्गत निर्माणाधीन नए टोल प्लाजा के कार्यों की स्थिति पर जानकारी प्रस्तुत की गई। अधिकारियों ने बताया कि परियोजना का लगभग 80 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। इस पर निर्देश दिए गए कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण से आवश्यक स्वीकृतियां लेकर एमओयू से जुड़ी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए और बारिश शुरू होने से पहले गुणवत्तापूर्ण तरीके से निर्माण कार्य पूरा कराया जाए।
बैठक के दौरान शास्त्रीपुरम योजना और यूपीएसआईडीसी क्षेत्र में लंबे समय से बनी वर्षा जल निकासी की समस्या पर भी चर्चा की गई। जानकारी दी गई कि नाला निर्माण कार्य को दो हिस्सों में बांटा गया है। एक हिस्से की निविदा और अनुबंध प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि दूसरे हिस्से की निविदा प्रक्रिया जारी है। अधिकारियों का मानना है कि इस परियोजना के पूरा होने से बारिश के दौरान जलभराव की समस्या काफी हद तक कम की जा सकेगी।
ताजनगरी फेस-2 योजना के तहत बने दुर्बल आय वर्ग आवासों की स्थिति भी बैठक में गंभीर विषय रही। बताया गया कि तकनीकी संस्थानों द्वारा की गई जांच में भवनों को जर्जर और असुरक्षित माना गया है। इसके बाद निर्णय लिया गया कि प्रभावित आवंटियों की सहमति प्राप्त कर उन्हें प्रस्तावित नए स्थान पर स्थानांतरित किया जाएगा। उसके बाद पुराने निर्माण को हटाकर नए निर्माण की योजना पर काम शुरू किया जाएगा।
ककुआ-भांडई आवासीय योजना के अंतर्गत प्रस्तावित कन्वेंशन सेंटर परियोजना पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि चयनित फर्म के साथ अनुबंध प्रक्रिया जारी है और जल्द ही निर्माण कार्य प्रारंभ किया जा सकता है।
बैठक में मौजा पट्टी पचगई क्षेत्र की भूमि पर पीपीपी मॉडल के तहत प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय इंडोर स्टेडियम निर्माण को लेकर भी जानकारी साझा की गई। इस परियोजना के लिए आरएफपी तैयार करते हुए निविदाएं आमंत्रित की गई हैं। माना जा रहा है कि परियोजना पूरी होने पर शहर में खेल गतिविधियों को नई दिशा मिलेगी।
खेरिया मोड़ के पास खाली सरकारी भूमि के उपयोग को लेकर भी बैठक में चर्चा हुई। निर्देश दिए गए कि वर्तमान में उपलब्ध खाली भूमि को सुरक्षित किया जाए, उसकी घेराबंदी कराई जाए और खेल विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर भविष्य की योजना तैयार की जाए।
बैठक के दौरान ग्रेटर आगरा योजना के अंतर्गत रायपुर-रहनकलां क्षेत्र के भूमि दर निर्धारण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई। आवासीय, व्यावसायिक और अन्य उपयोग वाली भूमि के लिए अलग-अलग दरों का प्रस्ताव रखा गया, जिसे स्वीकृति दी गई। साथ ही जूता प्रदर्शनी प्रशिक्षण कल्याण केंद्र योजना की विभिन्न इकाइयों की लागत निर्धारण संबंधी प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई।
इसके अलावा ग्रेटर आगरा योजना के अंतर्गत गंगापुरम और नर्मदापुरम टाउनशिप के आंतरिक विकास कार्यों में हुए संशोधन संबंधी प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई। आगरा विकास प्राधिकरण के सीमा विस्तार से जुड़े प्रस्ताव पर भी चर्चा हुई, जिसमें 98 नए गांवों को विकास क्षेत्र में शामिल करने तथा कुछ क्षेत्रों को बाहर करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
बैठक में बोर्ड सदस्यों ने शहर की विभिन्न समस्याओं को भी उठाया। इनमें पुरानी कॉलोनियों का नगर निगम को हस्तांतरण, भवन मानचित्रों के समयबद्ध निस्तारण और एएसआई संरक्षित क्षेत्रों के आसपास एनओसी संबंधी मुद्दे शामिल रहे। इसके अलावा रिंग रोड से फतेहाबाद रोड की ओर प्रवेश मार्ग पर संभावित सड़क दुर्घटनाओं की आशंका पर भी ध्यान आकर्षित किया गया, जिस पर संबंधित विभागों को समाधान के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिलाधिकारी मनीष बंसल, प्राधिकरण उपाध्यक्ष एम. अरुणमौली, सचिव संजय कुमार, मुख्य अभियंता संजीव कुमार, अतुल कुमार सिंह, शिव शंकर शर्मा, नागेन्द्र दुबे गामा सहित अन्य अधिकारी और बोर्ड सदस्य उपस्थित रहे।

