• भगवान परशुराम जी की प्रतिमा पर दुग्धाभिषेक कर किया जन्मोत्सव का शुभारंभ
• वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन, विश्व कल्याण और सुख-शांति की कामना
• वृद्धाश्रम में गूंजे भगवान परशुराम जी के जयकारे, महाआरती के बाद प्रसाद वितरण
आगरा। ब्राह्मण एकता मंच, आगरा के पदाधिकारियों और सदस्यों ने रविवार को भगवान परशुराम जी का जन्मोत्सव रामलाल वृद्ध आश्रम, निकट कैलाश मंदिर, सिकंदरा, आगरा में श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक वातावरण के बीच मनाया। कार्यक्रम की शुरुआत भगवान परशुराम जी की प्रतिमा पर दुग्धाभिषेक, अंगवस्त्र अर्पण और पुष्पमाला पहनाकर की गई। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन संपन्न हुआ, जिसमें सुख-शांति, धर्म रक्षा और विश्व कल्याण की कामना की गई। आश्रम में निवास कर रहे वृद्धजन भी इस आयोजन में शामिल हुए और भगवान परशुराम जी के जयकारों से पूरा परिसर भक्तिमय हो उठा। अंत में महाआरती और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

ब्राह्मण एकता मंच, आगरा के पदाधिकारी और सदस्यों ने रविवार को भगवान परशुराम जी का जन्मोत्सव बड़े ही हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ रामलाल वृद्ध आश्रम, निकट कैलाश मंदिर, सिकंदरा, आगरा में मनाया। आयोजन में धार्मिक आस्था, सामाजिक समरसता और ब्राह्मण समाज की एकजुटता का सुंदर स्वरूप देखने को मिला।
कार्यक्रम की शुरुआत भगवान परशुराम जी की प्रतिमा पर दुग्धाभिषेक से हुई। मंच के सदस्यों ने श्रद्धापूर्वक भगवान परशुराम जी को अंगवस्त्र पहनाए और प्रतिमा को पुष्पमालाओं से अलंकृत किया। इसके बाद सभी उपस्थित लोगों ने भगवान के चरणों में पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे परिसर में भक्ति और श्रद्धा का वातावरण बना रहा।
इसके पश्चात ब्राह्मण एकता मंच के सदस्यों और आश्रम में निवास कर रहे वृद्धजनों ने एक स्वर में भगवान परशुराम जी के जयकारे लगाए। जयघोषों से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया और पूरा आश्रम परिसर भगवान परशुराम जी के नाम से गूंज उठा। उपस्थित लोगों ने इसे अत्यंत भावनात्मक और प्रेरणादायक क्षण बताया।
तत्पश्चात आचार्य पं. गयाप्रसाद पाण्डेय द्वारा वैदिक विधि-विधान से हवन संपन्न कराया गया। हवन में सभी सदस्यों ने आहुति देकर भगवान परशुराम जी से समाज में सुख-शांति, धर्म की स्थापना और विश्व कल्याण की प्रार्थना की। धार्मिक अनुष्ठान के दौरान सभी ने पूर्ण श्रद्धा के साथ भाग लिया।
ब्राह्मण एकता मंच, आगरा के अमित लवानिया ने बताया कि रामलाल वृद्धाश्रम में मंच द्वारा 13 जुलाई 2016 को भगवान परशुराम जी की भव्य प्रतिमा की स्थापना दो दिवसीय नगर भ्रमण के पश्चात की गई थी। तब से प्रतिवर्ष यहां भगवान परशुराम जी का जन्मोत्सव पूरे उत्साह और भक्ति के साथ मनाया जाता है।
मंच के डॉ. दिवाकर तिवारी और रामेंद्र पचौरी ने कहा कि भगवान परशुराम जी भगवान विष्णु के छठवें अवतार हैं, जिन्होंने धर्म की रक्षा और अधर्म के विनाश के लिए सदैव संघर्ष किया। उनका जीवन समाज को सत्य, न्याय और साहस का संदेश देता है।
यतीश लवानिया और विक्रांत बरूआ ने कहा कि आज की आधुनिक पीढ़ी को भगवान परशुराम जी के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करना चाहिए। उनके विचार आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं। युवा पीढ़ी यदि उनके आदर्शों का अनुसरण करे तो समाज में नैतिकता और संस्कारों की मजबूती बढ़ेगी।
रामलाल वृद्धाश्रम के अध्यक्ष शिवप्रसाद शर्मा ने मंच के सदस्यों के साथ भगवान परशुराम जी की महाआरती की। आरती के समय पूरा वातावरण श्रद्धा और भक्ति से सराबोर हो गया। कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित लोगों को प्रसाद वितरित किया गया।
कार्यक्रम की व्यवस्था रोहित उपाध्याय और चतुर्भुज तिवारी ने संभाली। आयोजन को सफल बनाने में सभी सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई।
भगवान परशुराम जी के जन्मोत्सव के इस कार्यक्रम में प्रमुख रूप से डॉ. दिवाकर तिवारी, यतीश लवानिया, रामेंद्र पचौरी, अमित लवानिया, विक्रांत बरूआ, चतुर्भुज तिवारी, रोहित उपाध्याय, सुशील शर्मा, घनश्याम तिवारी, ओम लवानिया, पुनीत भारद्वाज सहित ब्राह्मण एकता मंच के पदाधिकारी तथा आश्रम में निवास कर रहे वृद्धजन उपस्थित रहे। पूरे आयोजन ने धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता का भी संदेश दिया।

