आगरा। विश्व अंगदान दिवस के अवसर पर IMA Agra की ओर से सूरसदन में आयोजित भव्य अंगदान जागरूकता कार्यक्रम में 600 से अधिक विद्यार्थियों, नागरिकों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। कार्यक्रम में अंगदान की जरूरत, प्रक्रिया और इससे जुड़ी भ्रांतियों पर जागरूक किया गया। विभिन्न धर्मों के धर्मगुरुओं, चिकित्सकों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और विद्यार्थियों ने एक मंच से अंगदान को मानवता की सेवा का माध्यम बताते हुए लोगों को आगे आने का आह्वान किया। कार्यक्रम के समापन पर 600 से अधिक लोगों ने अंगदान जागरूकता एवं इस मानवीय अभियान में सहभागिता की शपथ ली। अंगदान के साथ देहदान के लिए भी कई लोगों की ओर से सामने आए संकल्प ने कार्यक्रम को और भावपूर्ण बना दिया।

विश्व अंगदान दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। कार्यक्रम का संचालन डॉ. डिप्तिमाला अग्रवाल, डॉ. पंकज नागायच एवं डॉ. रजनीश कुमार मिश्रा ने किया। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि अंगदान केवल चिकित्सा प्रक्रिया नहीं, बल्कि ऐसा मानवीय संकल्प है, जिसके माध्यम से मृत्यु के बाद भी जरूरतमंद लोगों के जीवन में उम्मीद और मुस्कान कायम की जा सकती है। कार्यक्रम में मौजूद विद्यार्थियों और नागरिकों को अंगदान की आवश्यकता, इसकी प्रक्रिया तथा इससे संबंधित विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई और समाज में प्रचलित भ्रांतियों को दूर करने का प्रयास किया गया।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ISCCM डॉ. रणवीर त्यागी ने कहा कि अंगदान चिकित्सा विज्ञान से कहीं आगे बढ़कर मानवता की सेवा का माध्यम है। एक व्यक्ति के अंगदान से कई जरूरतमंद लोगों को नया जीवन मिल सकता है। उन्होंने कहा कि समाज में अंगदान को लेकर जागरूकता बढ़ाना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से इस मानवीय अभियान को समझने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
IMA Agra के अध्यक्ष डॉ. पंकज नागायच ने कहा कि IMA Agra का उद्देश्य अंगदान को केवल एक अभियान तक सीमित रखना नहीं, बल्कि इसे जन-आंदोलन बनाना है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में समाज के अलग-अलग वर्गों की जिस तरह सहभागिता दिखाई दी, वह इस बात का प्रमाण है कि लोग मानवता के इस महान कार्य के लिए आगे आने को तैयार हैं। उन्होंने स्वर्गीय प्रो. डॉ. एन.एन. अग्रवाल एवं वरिष्ठ समाजसेवी स्वर्गीय गोविंद अग्रवाल का उल्लेख करते हुए कहा कि इन महान व्यक्तित्वों ने अपना जीवन समाज के लिए समर्पित किया और दूसरों के लिए प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया।
IMA Agra के सचिव डॉ. रजनीश कुमार मिश्रा ने कहा कि मृत्यु के बाद भी किसी के जीवन में आशा बनना मानव जीवन की सबसे बड़ी सार्थकता हो सकती है। उन्होंने कहा कि अंगदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करना और अधिक से अधिक लोगों को अंगदान का संकल्प लेने के लिए प्रेरित करना IMA Agra की प्राथमिकताओं में रहेगा। उन्होंने कहा कि जागरूकता के माध्यम से ही समाज में अंगदान को लेकर सकारात्मक सोच विकसित की जा सकती है।
कार्यक्रम में नेत्रदान के महत्व पर भी लोगों को जागरूक किया गया। डॉ. शैफाली मजूमदार ने नेत्रदान की आवश्यकता और इसके महत्व के बारे में जानकारी दी। उन्होंने उपस्थित लोगों द्वारा पूछे गए विभिन्न प्रश्नों के उत्तर दिए और नेत्रदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर किया। इस दौरान लोगों को बताया गया कि नेत्रदान भी किसी जरूरतमंद के जीवन में रोशनी और उम्मीद लाने का माध्यम बन सकता है।
कार्यक्रम में विधायक श्री पुरुषोत्तम खंडेलवाल, IMA Agra के पूर्व अध्यक्षगण तथा IMA Agra की पूरी कैबिनेट उपस्थित रही। अध्यक्ष निर्वाचित डॉ. हरेंद्र गुप्ता, उपाध्यक्ष डॉ. सीमा सिंह, कोषाध्यक्ष डॉ. मुकेश भारद्वाज, संयुक्त सचिव डॉ. करण रावत एवं डॉ. मिहिर गुप्ता सहित डॉ. मुनीश्वर, डॉ. सुनील शर्मा, डॉ. पवन गुप्ता, डॉ. वीरेंद्र खंडेलवाल, डॉ. वाई.बी. अग्रवाल, डॉ. शम्मी कालरा, डॉ. सुनील अग्रवाल, डॉ. संजय गोयल सहित अनेक चिकित्सक एवं पदाधिकारी मौजूद रहे।
विधायक डॉ. बेबी रानी मौर्य तथा SN Medical College Agra के प्रधानाचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता के वीडियो संदेश भी कार्यक्रम में प्राप्त हुए। दोनों ने अंगदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए IMA Agra के जनजागरूकता अभियान की सराहना की। केंद्रीय मंत्री श्री एस.पी. सिंह बघेल तथा उत्तर प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री श्री योगेंद्र उपाध्याय ने भी वीडियो संदेश के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने अंगदान के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए IMA Agra की पहल की सराहना की और समाज के अधिक से अधिक लोगों को इस अभियान से जोड़ने का संदेश दिया।
कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों एवं संस्थानों से 600 से अधिक विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। इनमें G.D. Goenka, गायत्री देवी, गणेश राम नागर सरस्वती विद्या मंदिर, बेसिक स्कूल सैंया, Ravi School of Nursing तथा Scout & Guide के विद्यार्थी प्रमुख रूप से शामिल रहे। विद्यार्थियों को अंगदान की प्रक्रिया, इसकी आवश्यकता और इससे जुड़ी भ्रांतियों के बारे में जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि अंगदान के माध्यम से किसी जरूरतमंद व्यक्ति को जीवन की नई संभावना मिल सकती है। विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक सहभागिता की और अंगदान जागरूकता को समाज तक पहुंचाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम की खास बात यह रही कि अलग-अलग धर्मों के धर्मगुरु एक मंच पर आए और अंगदान के माध्यम से मानवता का संदेश दिया। मनकामेश्वर मंदिर के महंत योगेश गिरी, मौलाना उजैर आलम तथा फादर वर्गीज ने अंगदान को मानव सेवा, परोपकार एवं सामाजिक जिम्मेदारी का उत्कृष्ट माध्यम बताया। धर्मगुरुओं ने लोगों से इस नेक कार्य के लिए आगे आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि मानवता की सेवा किसी एक वर्ग या समुदाय तक सीमित नहीं है और अंगदान जैसे कार्य समाज को एकजुट करने का माध्यम बन सकते हैं।
कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक संस्थाओं एवं संगठनों के प्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने भी सहभागिता की। इनमें डॉ. दिग्जेंद्र, भारत विकास परिषद के प्रतिनिधि, रोटरी के PDG रोटेरियन शरद चंद्र, Help Agra के गौतम सेठ, National Chamber के अंबाजी, Scout & Guide Association UP के डॉ. राजेश मिश्रा, गुंजन शर्मा, कर्नल जी.एम. खान, आदर्श नंदन गुप्त, वत्सला प्रभाकर एवं निर्मला दीक्षित, रेणुका डंग सहित अनेक गणमान्य नागरिक शामिल रहे। संजय गुप्ता, समर्पण ब्लड बैंक की टीम, योगेश कंसल, डॉ. विनोद माहेश्वरी एवं अरुण सिंह सहित अन्य विशिष्ट अतिथियों की भी उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
विधायक श्री पुरुषोत्तम खंडेलवाल ने सभा को संबोधित करते हुए अंगदान के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग को इस पुनीत अभियान से जुड़ना चाहिए। उन्होंने लोगों से अंगदान को लेकर जागरूक होने और अपने परिवार एवं आसपास के लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान अंगदान के साथ-साथ देहदान के लिए सामने आए संकल्पों ने भी लोगों को भावुक किया। डॉ. पंकज नागायच ने बताया कि योग इंस्ट्रक्टर श्रीमती नीलम नागायच तथा वरिष्ठ समाजसेवी श्री पूरण डावर ने कार्यक्रम से एक दिन पहले फोन कर अपनी पूरी देहदान करने की इच्छा व्यक्त की थी। उन्होंने IMA से देहदान के लिए शपथ-पत्र की प्रक्रिया उपलब्ध कराने का आग्रह किया। इसी क्रम में पूर्व एयर चीफ मार्शल की पत्नी श्रीमती आशा भदौरिया ने बेंगलुरु से फोन कर IMA को सूचित किया कि वह आगरा से अपना देहदान करने का संकल्प लेना चाहती हैं। इन घोषणाओं को कार्यक्रम में मानवता, परोपकार और सामाजिक जिम्मेदारी की प्रेरणादायी मिसाल के रूप में सराहा गया।
कार्यक्रम के समापन पर माहौल अत्यंत भावपूर्ण हो गया। 600 से अधिक उपस्थित लोगों ने अंगदान जागरूकता एवं इस महान मानवीय अभियान में सहभागिता की शपथ ली। उपस्थित जनसमुदाय ने संकल्प लिया कि वे स्वयं अंगदान के प्रति जागरूक रहेंगे और अपने परिवार तथा समाज में भी इसके लिए जागरूकता फैलाएंगे। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि अंगदान केवल किसी व्यक्ति को अंग देने का संकल्प नहीं है, बल्कि मृत्यु के बाद भी कई जिंदगियों में आशा, मुस्कान और जीवन की संभावना बनाए रखने का संकल्प है।
IMA Agra की ओर से कार्यक्रम में शामिल चिकित्सकों, विद्यार्थियों, धर्मगुरुओं, सामाजिक संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों और उपस्थित जनसमुदाय का आभार व्यक्त किया गया। संस्था ने कहा कि अंगदान जागरूकता का यह अभियान एक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आगे भी निरंतर जारी रखा जाएगा। उद्देश्य यही है कि अंगदान को लेकर समाज में व्याप्त भ्रांतियां दूर हों, लोग इसकी जरूरत और महत्व को समझें तथा अधिक से अधिक लोग इस मानवीय अभियान से जुड़कर जरूरतमंदों के जीवन में नई उम्मीद जगाने का माध्यम बनें।
