6 अक्टूबर को निकलेगा सीता मैया का डोला और 7 को होगा तुलसी-शालिग्राम विवाह
हम सब सकल सुकृत के रासी। भये जन जनम जनकपुर बासी।।
हाट बाट मंदिर सुरबासा। नगरु संवारहु चारिहुं पासा॥
आगरा। जनकपुरी महोत्सव की तैयारियां तेज हो गई हैं। 1 से 10 अक्टूबर तक होने वाले दस दिवसीय आयोजन में धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला होगी। 6 अक्टूबर को सीता मैया का डोला गौरा पूजन के लिए निकलेगा, जबकि 7 अक्टूबर को तुलसी-शालिग्राम विवाह आयोजित किया जाएगा।

जनकपुरी महोत्सव आयोजन समिति की बैठक शनिवार को शास्त्रीपुरम स्थित दिव्या रिसोर्ट में हुई। बैठक की शुरुआत सीता-राम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से हुई। जनकपुरी महोत्सव महिला समिति की मुख्य संरक्षक आरती शर्मा ने राम-जानकी वंदना प्रस्तुत की। बैठक में जनकपुरी क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों के साथ महोत्सव की तैयारियों पर विस्तार से विचार किया गया।
नित नूतन मंगल पुर माहीं। निमिष सरिस दिन जामिनि जाहीं॥
भावना एस्टेट में 12 करोड़ के विकास कार्य
मुख्य संरक्षक संतोष कटारा ने बताया कि नगर निगम से भावना एस्टेट क्षेत्र के लिए करीब 12 करोड़ रुपये के विकास कार्य स्वीकृत हो चुके हैं। इन कार्यों की शुरुआत भी हो गई है। क्षेत्र में सड़क, खरंजा, नाली सहित विभिन्न विकास कार्य कराए जा रहे हैं।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी संजय गोयल ने कहा कि जनकपुरी महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि नई पीढ़ी को सनातन परंपरा और संस्कृति से जोड़ने का माध्यम भी है। इसी भावना के साथ इस वर्ष भावना एस्टेट को जनकपुर की तर्ज पर सजाने-संवारने के लिए क्षेत्रवासी जुटे हुए हैं। यह आयोजन पूरे क्षेत्र के लिए रामकाज का स्वरूप ले चुका है।
अध्यक्ष राजीव कुमार (राजू यादव) ने कहा कि व्यवस्थाओं को व्यवस्थित रूप देने के लिए लगातार बैठकें की जा रही हैं। आयोजन की रूपरेखा तैयार कर ली गई है और 21 सितंबर को पूरी रूपरेखा सभी के सामने प्रस्तुत की जाएगी। उन्होंने बताया कि 1 से 10 अक्टूबर तक जनकपुरी क्षेत्र में लगातार धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। इनमें परंपरा के साथ आधुनिक व्यवस्थाओं का समन्वय देखने को मिलेगा।
राजीव कुमार ने कहा कि जनकपुरी आयोजन समिति की ओर से सहयोग अथवा दान के लिए किसी पर किसी भी प्रकार का दबाव नहीं बनाया जा रहा है। श्रद्धालु अपनी इच्छा के अनुसार एक रुपये से लेकर अपनी श्रद्धा के मुताबिक सहयोग कर सकते हैं। उन्होंने आयोजन को लेकर किसी भी प्रकार की भ्रांति अथवा भ्रामक प्रचार से बचने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी अनुमति और हस्ताक्षर के बिना कोई भी वेंडर अपने कार्य को पूर्ण न माने। समिति का प्रयास है कि इस ऐतिहासिक आयोजन की पारदर्शिता और गरिमा बनी रहे। बैठक में पार्षद वेद प्रकाश का विशेष रूप से सम्मान किया गया।

उन्होंने नगर निगम की ओर से स्वीकृत विकास कार्यों की रूपरेखा भी उपस्थित सदस्यों के सामने रखी।मार्गदर्शक अजय गर्ग ने सभी सदस्यों से जनकपुरी महोत्सव के कार्यक्रमों में सक्रिय सहभागिता और पूर्ण सहयोग का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जनकपुरी महोत्सव कुछ लोगों का आयोजन नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की सामूहिक आस्था और सहभागिता का उत्सव है। सभी सदस्य मिलकर इसे भव्य और गरिमापूर्ण स्वरूप प्रदान करें।
राम जन्म से शुरू होगा दस दिवसीय आयोजन
मुख्य संयोजक मनोज बंसल ने बताया कि जनकपुरी महोत्सव का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। 1 अक्टूबर को रामलीला महोत्सव में भगवान श्रीराम के जन्म के साथ मुख्य कार्यक्रमों की शुरुआत होगी। इसमें जनकपुरी आयोजन समिति के पदाधिकारी और सदस्य भी भागीदारी करेंगे। 2 अक्टूबर को सीता जन्मोत्सव मनाया जाएगा। इस अवसर पर जनकपुरीवासी बधाई लेकर जाएंगे और बधाई गीत गाए जाएंगे।

3 अक्टूबर को राजा जनक की ओर से आमंत्रण यात्रा निकाली जाएगी। इसका उद्देश्य जनकपुरी क्षेत्र की प्रत्येक कॉलोनी और अपार्टमेंट तक निमंत्रण पहुंचाना होगा। समिति का प्रयास रहेगा कि कोई भी क्षेत्र आमंत्रण से अछूता न रहे। 5 अक्टूबर को जनकपुरी महोत्सव महिला समिति की ओर से मेहंदी-संगीत कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
6 अक्टूबर को निकलेगा सीता मैया का डोला
6 अक्टूबर को सीता मैया का डोला गौरा पूजन के लिए निकलेगा। यह पूरे जनकपुरी क्षेत्र का भ्रमण करेगा। डोला और आमंत्रण यात्रा का मार्ग एक ही रखा जाएगा, ताकि पूरे क्षेत्र को आयोजन से जोड़ा जा सके।
7 अक्टूबर को सुबह राम बारात का भव्य स्वागत किया जाएगा। इसी दिन दोपहर में भावना एस्टेट स्थित भावनेश्वर मंदिर में तुलसी-शालिग्राम विवाह होगा। शाम को रामलीला के स्वरूप क्षेत्र भ्रमण के लिए निकलेंगे।
8 अक्टूबर को राजा जनक की ओर से दोपहर में दावत का आयोजन होगा। 8 और 9 अक्टूबर को भी विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम जारी रहेंगे। 9 अक्टूबर को स्वरूपों की विदाई की जाएगी।
ये रहे मौजूद
जनक परिवार की ओर से शोविक गोयल मौजूद रहे। जनकपुरी आयोजन समिति की ओर से अध्यक्ष राजू यादव के साथ मार्गदर्शक अशोक कुमार गुप्ता, नरेन्द्र सिंह सेंगर, मुख्य संरक्षक संतोष कटारा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी संजय गोयल, मुख्य संयोजक मनोज बंसल, मुख्य समन्वयक धर्मेश जैन, महामंत्री मनोज जादौन, कोषाध्यक्ष आकाश गोयल ग्वाला, मीडिया प्रभारी राणा सुशील सिंह, स्वागताध्यक्ष अरविंद शर्मा और क्षेत्रीय पार्षद वेदप्रकाश गोस्वामी उपस्थित रहे। इसके अलावा साहूकार उपाध्याय, सतीश ठाकुर, कपिल पोरवाल, राहुल पोरवाल, राजा चौहान, रजत प्रधान, भोले चौहान, हेमंत जादौन, एडवोकेट दीपक माहेश्वरी, नरेंद्र शर्मा और सुनील पाठक मौजूद रहे।
महिला मंडल की ओर से डॉ. रुचि चतुर्वेदी, मुख्य संरक्षक आरती शर्मा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी शीतल अग्रवाल, अध्यक्ष अमृता पोरवाल, शुचि खंडेलवाल और वानी चौहान सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहीं। संचालन दीपक जैन ने किया।
ये होंगे 10 दिवसीय कार्यक्रम
मुख्य संयोजक मनोज बंसल ने बताया कि जनकपुरी महोत्सव का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। 1 अक्टूबर को रामलीला महोत्सव में भगवान श्रीराम के जन्म के साथ मुख्य कार्यक्रमों की शुरुआत होगी। इसमें जनकपुरी आयोजन समिति के पदाधिकारी एवं सदस्य भी भागीदारी करेंगे।
2 अक्टूबर को सीता जन्मोत्सव के अवसर पर जनकपुरीवासी बधाई लेकर जाएंगे और बधाई गीत गाए जाएंगे।
3 अक्टूबर को राजा जनक की ओर से आमंत्रण यात्रा निकाली जाएगी। इसका उद्देश्य जनकपुरी क्षेत्र की प्रत्येक कॉलोनी और अपार्टमेंट तक निमंत्रण पहुंचाना होगा। प्रयास रहेगा कि कोई भी क्षेत्र आमंत्रण से अछूता न रहे।
5 अक्टूबर को मेहंदी-संगीत कार्यक्रम का आयोजन जनकपुरी महोत्सव महिला समिति की ओर से किया जाएगा।
6 अक्टूबर को सीता मैया का डोला गौरा पूजन के लिए निकलेगा और पूरे जनकपुरी क्षेत्र का भ्रमण करेगा। डोला एवं आमंत्रण यात्रा का मार्ग एक ही रहेगा, जिससे पूरे क्षेत्र को आयोजन से जोड़ा जा सके।
7 अक्टूबर को सुबह राम बारात का भव्य स्वागत किया जाएगा। इसी दिन दोपहर में भावना एस्टेट स्थित भावनेश्वर मंदिर में तुलसी-शालिग्राम विवाह होगा। शाम को रामलीला के स्वरूप क्षेत्र भ्रमण के लिए निकलेंगे।
8 अक्टूबर को राजा जनक की ओर से दोपहर में दावत का आयोजन होगा। 8 और 9 अक्टूबर को भी विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम जारी रहेंगे। 9 अक्टूबर को स्वरूपों की विदाई की जाएगी।
