आगरा। 149वें जनकपुरी महोत्सव की तैयारियों के बीच भावना एस्टेट स्थित केंद्रीय कार्यालय में आयोजित दैनिक महाआरती में कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य, विधान परिषद सदस्य विजय शिवहरे और प्रमुख उद्योगपति एवं समाजसेवी पूरन डावर शामिल हुए। तीनों ने विधिवत महाआरती कर भगवान के श्रीचरणों में नमन किया। आरती के बाद अतिथियों ने जनकपुरी महोत्सव को धार्मिक आस्था, भारतीय संस्कृति और सामाजिक सहभागिता से जुड़ा आयोजन बताया। आयोजन समिति ने इस वर्ष जनक महल, विद्युत सजावट, मंच, धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रमों और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने की जानकारी दी। समिति के अनुसार, क्षेत्र में लगभग 12 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का शुभारंभ भी हो चुका है।

महाआरती में उत्तर प्रदेश सरकार की कैबिनेट मंत्री और उत्तराखंड की पूर्व राज्यपाल बेबी रानी मौर्य, विधान परिषद सदस्य विजय शिवहरे तथा प्रमुख उद्योगपति एवं समाजसेवी पूरन डावर ने सहभागिता की। तीनों ने विधिवत आरती की और भगवान के श्रीचरणों में नमन किया। इस दौरान आयोजन समिति के पदाधिकारी, सदस्य और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।

महाआरती के बाद श्रद्धालुओं और आयोजन समिति के पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए बेबी रानी मौर्य ने जनकपुरी महोत्सव को भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और सामाजिक सहभागिता से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन बताया। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन हमारी परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम हैं। उन्होंने जनकपुरी महोत्सव के सफल आयोजन के लिए समिति को शुभकामनाएं दीं।
विजय शिवहरे ने कहा कि जनकपुरी महोत्सव की परंपरा शहर की विशिष्ट सांस्कृतिक पहचान का हिस्सा है। भगवान श्रीराम और माता सीता के आदर्शों से जुड़े इस आयोजन में बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता सामाजिक एकता और धार्मिक आस्था को दर्शाती है। उन्होंने आयोजन समिति की ओर से की जा रही तैयारियों की सराहना करते हुए महोत्सव की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं।
पूरन डावर ने भी महाआरती में सहभागिता की और जनकपुरी महोत्सव की तैयारियों तथा आयोजन समिति के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि जनकपुरी महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि सनातन धर्म की समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा और सामूहिक सहभागिता का उत्सव है। उन्होंने महोत्सव की भव्यता और व्यवस्थाओं के लिए समिति को शुभकामनाएं दीं।
आयोजन समिति के अध्यक्ष राजू यादव ने महाआरती में पहुंचे अतिथियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति से समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों का उत्साह बढ़ा है। जनकपुरी महोत्सव को भव्य, व्यवस्थित और श्रद्धालुओं की भावनाओं के अनुरूप आयोजित करने के लिए पूरी आयोजन समिति लगातार तैयारी में जुटी है।
राजू यादव ने बताया कि इस वर्ष जनकपुरी क्षेत्र में जिस स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं, उससे महोत्सव की भव्यता और आकर्षण बढ़ेगा। जनक महल के निर्माण से लेकर विद्युत सजावट, मंच और धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की तैयारियां की जा रही हैं। इसके साथ ही श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि महोत्सव से पहले जनकपुरी क्षेत्र में विकास कार्यों को भी गति मिली है। इसी कड़ी में हाल ही में क्षेत्र में लगभग 12 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का शुभारंभ हुआ है। इन विकास कार्यों से जनकपुरी क्षेत्र को महोत्सव से पहले विकास की बड़ी सौगात मिलने जा रही है। आयोजन समिति का कहना है कि महोत्सव के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर वातावरण और सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न स्तरों पर तैयारियां की जा रही हैं।
अध्यक्ष राजू यादव ने कहा कि जनकपुरी महोत्सव केवल आयोजन समिति का कार्यक्रम नहीं, बल्कि बड़ी संख्या में लोगों की आस्था और सहभागिता से जुड़ा आयोजन है। समिति की कोशिश है कि धार्मिक परंपराओं के साथ व्यवस्थाओं का भी ध्यान रखा जाए, ताकि महोत्सव में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
उन्होंने महाआरती में शामिल सभी विशिष्ट अतिथियों, आयोजन समिति के पदाधिकारियों, सदस्यों और श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग और सहभागिता से जनकपुरी महोत्सव 2026 को ऐतिहासिक और स्मरणीय बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। महाआरती के दौरान धार्मिक वातावरण के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन और आरती में सहभागिता की। आयोजन समिति की ओर से आगामी दिनों में भी दैनिक महाआरती और महोत्सव से जुड़ी तैयारियां जारी रहेंगी।
