आगरा। वर्ष 2025 ताजनगरी आगरा के लिए विकास, उपलब्धियों और बदलाव का वर्ष रहा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आगरा ने इन्फ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी, स्वास्थ्य, शिक्षा, स्वच्छता और पर्यटन के क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रगति की। आधुनिक सुविधाओं, बेहतर परिवहन व्यवस्था और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के साथ आगरा ने खुद को एक लिवेबल सिटी और स्मार्ट हब के रूप में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई।
ताजनगरी आगरा के इतिहास में वर्ष 2025 को एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज किया जाएगा। योगी सरकार के विकसित उत्तर प्रदेश’ के संकल्प को धरातल पर उतारते हुए इस वर्ष आगरा में विकास कार्यों ने नई गति पकड़ी।
आगरा आज केवल विश्व प्रसिद्ध ताजमहल का शहर नहीं रहा, बल्कि आधुनिक कनेक्टिविटी, बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं, उन्नत शिक्षा व्यवस्था और स्वच्छता के नए मानकों के साथ एक उभरता हुआ आधुनिक महानगर बन चुका है।
कनेक्टिविटी के क्षेत्र में आगरा ने देश में विशिष्ट पहचान बनाई है। यह देश का एकमात्र जिला है, जहां यमुना एक्सप्रेस-वे और लखनऊ एक्सप्रेस-वे दोनों का अप और डाउन प्रवाह है। इससे दिल्ली, लखनऊ और पश्चिमी यूपी से सीधा और सुगम संपर्क स्थापित हुआ है। आने वाले समय में ग्वालियर ग्रीन एक्सप्रेस-वे का निर्माण शुरू होने की उम्मीद है, जिससे आगरा का मध्य प्रदेश से सीधा जुड़ाव और मजबूत होगा। शहर को जाम मुक्त बनाने के लिए इनर रिंग रोड और नए बाईपास का निर्माण तेजी से किया जा रहा है।
हवाई संपर्क को मजबूती देने के लिए खेरिया एयरपोर्ट के समीप धनौली में 343 करोड़ रुपये की लागत से 23 हेक्टेयर में नए सिविल एन्क्लेव का निर्माण युद्धस्तर पर जारी है, जो जुलाई 2026 तक पूरा होगा। वर्तमान में आगरा से मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद और अहमदाबाद के लिए सीधी उड़ानें संचालित हो रही हैं, जिससे पर्यटन और व्यापार दोनों को लाभ मिल रहा है।
शहरी परिवहन में आगरा मेट्रो परियोजना एक बड़ा बदलाव साबित हो रही है। 30 किलोमीटर लंबे दो कॉरिडोर में ताज ईस्ट गेट से सिकंदरा तक पहला कॉरिडोर आंशिक रूप से चालू हो चुका है, जबकि आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक दूसरा कॉरिडोर निर्माणाधीन है। रेल कनेक्टिविटी के क्षेत्र में भी आगरा से कई वंदे भारत ट्रेनों का संचालन हो रहा है और जल्द ही गोरखपुर वंदे भारत की सौगात मिलने की उम्मीद है।
पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण की दिशा में योगी सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाए हैं। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के पैतृक गांव बटेश्वर को वैश्विक धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है। केंद्र और प्रदेश सरकार की संयुक्त लागत से मंदिर कॉरिडोर, संरक्षण कार्य और फसाड लाइटिंग अंतिम चरण में हैं। आगरा किला में अप्रैल 2025 से शुरू हुआ हिंदी और अंग्रेजी लाइट एंड साउंड शो पर्यटकों को नाइट स्टे के लिए आकर्षित कर रहा है। शिवालय सर्किट के माध्यम से जिले के प्राचीन शिव मंदिरों को जोड़कर धार्मिक पर्यटन को नई दिशा दी गई है।
स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एसएन मेडिकल कॉलेज ने 2025 में बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं। कॉलेज अब एक आधुनिक सुपर स्पेशियलिटी चिकित्सा केंद्र के रूप में विकसित हो चुका है। हृदय रोगियों के लिए कैथ लैब, 30 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित कैंसर यूनिट, अत्याधुनिक बर्न यूनिट और डायलिसिस सेवाओं ने हजारों मरीजों को बेहतर और सुलभ इलाज प्रदान किया है। चिकित्सा शिक्षा में एमबीबीएस और पीजी सीटों की वृद्धि से आगरा की प्रतिष्ठा और मजबूत हुई है।
शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत नवाचार किए गए। उच्च शिक्षा में 50 स्नातक और 84 वोकेशनल कोर्स शुरू किए गए। माध्यमिक छात्रों के लिए ‘यस आई नो’ नामक सामान्य ज्ञान की विशेष पुस्तक तैयार की गई। जिले के हजारों विद्यालयों में लाखों बच्चों को मध्याह्न भोजन योजना का लाभ मिला और कस्तूरबा विद्यालयों के माध्यम से स्कूल से वंचित छात्राओं को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा गया।
स्वच्छता के क्षेत्र में आगरा ने देशभर में अपनी अलग पहचान बनाई। स्वच्छ सर्वेक्षण में देश में टॉप-10 स्थान प्राप्त कर आगरा ने इतिहास रच दिया। जीरो लैंडफिल सिटी की दिशा में ठोस कदम उठाए गए। मैकेनाइज्ड रोड स्वीपिंग, वर्टिकल गार्डन और मियावाकी पद्धति से विकसित सघन वनों ने शहर की आबोहवा में सुधार किया। आगरा को गार्बेज फ्री सिटी और नेशनल वाटर अवार्ड से भी सम्मानित किया गया।
नगर निगम और आगरा विकास प्राधिकरण ने शहर के सुनियोजित विकास पर विशेष ध्यान दिया। 36 वर्षों बाद अटल पुरम टाउनशिप जैसी नई आवासीय योजनाएं लॉन्च की गईं। मास्टर प्लान 2031 लागू होने से शहर का व्यवस्थित विस्तार शुरू हुआ और नक्शा पास कराने की प्रक्रिया को सरल बनाया गया।
#AgraDevelopment #YearEnder2025 #YogiGovernment #SmartCityAgra #UPDevelopment


.jpeg)

.jpeg)

.jpeg)

.jpeg)
