आगरा। श्री सांवरिया सेठ सेवा समिति ट्रस्ट की ओर से रविवार को जीवनी मंडी स्थित श्री खाटू श्याम जी मंदिर (एसी हॉल) में परिचय सम्मेलन, ‘एक शाम सांवरिया सेठ जी के नाम’ भजन संध्या और दाल-बाटी महाप्रसाद का आयोजन किया गया। अखंड ज्योति के समक्ष भव्य दरबार सजाया गया। भजनों और सांवरिया सेठ के जयकारों से मंदिर परिसर देर रात तक भक्तिमय बना रहा।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबिता चौहान रहीं। उन्होंने नवगठित संस्था को शुभकामनाएं दीं। भजन संध्या में कलाकार विकास वर्मा, प्रीति शर्मा और सूर्यांश गहलोत ने भजनों की प्रस्तुतियां देकर श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया।

भजन ‘मेरा बंगला, मेरी गाड़ी, सब कुछ है तेरा सरकार, मेरा तो कुछ भी नहीं…’ की स्वर लहरियां गूंजते ही भक्तों ने हाथ उठाकर सांवरिया सेठ के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की। इसके बाद ‘सांवरिया है सेठ, मेरी राधा जी सेठानी है…’ और ‘सुन ले ओ सांवरिया, मुझे तेरा ही सहारा है…’ जैसे भजनों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए। ‘सांवरिया ले चल पल्ली पार…’ और ‘सांवली सूरत पे मोहन, दिल दीवाना हो गया…’ ने वातावरण को और भावपूर्ण बना दिया।
भजन संध्या का विशेष आकर्षण ‘मन चल वृंदावन…’ भजन रहा। इसकी धुन पर सांवरिया भक्त देर तक झूमते रहे। पूरा मंदिर परिसर ‘जय श्री श्याम’ के जयघोष से गूंज उठा। भजनों के बीच श्रद्धालुओं ने सांवरिया सेठ के दर्शन कर सुख-समृद्धि और परिवार की मंगलकामना की।
संस्थापक विकास मित्तल ने कहा कि सांवरिया सेठ की भक्ति मन को जोड़ने और परिवारों को एक सूत्र में बांधने वाली है। संस्था की स्थापना के साथ परिचय सम्मेलन का उद्देश्य समिति के परिवारों को एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनाना और सेवा व भक्ति की भावना को आगे बढ़ाना है।
अध्यक्ष सियाराम पवन कुमार ने कहा कि ‘एक शाम सांवरिया सेठ जी के नाम’ केवल भजन संध्या नहीं, बल्कि भक्तों के आपसी स्नेह और सामाजिक एकता का उत्सव है। महामंत्री नीरज वर्मा ने बताया कि समिति आगामी समय में धार्मिक आयोजनों के साथ सामाजिक सेवा के कार्यों का भी विस्तार करेगी। निर्धन एवं जरूरतमंद कन्याओं के विवाह, जरूरतमंद बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में सहयोग जैसे कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सांवरिया सेठ की भक्ति तभी सार्थक है, जब उसके साथ सेवा की भावना भी जुड़ी हो।
कार्यवाहक अध्यक्ष अविनाश राणा ने कहा कि सांवरिया सेठ के दरबार में आने वाला हर भक्त अपनेपन का अनुभव करता है। भजन, दर्शन और महाप्रसाद के आयोजन का उद्देश्य भक्तों को एक साथ जोड़ना और उनमें सेवा व भक्ति की भावना को मजबूत करना है।
कार्यक्रम में समिति के पारिवारिक सदस्यों और अतिथियों के लिए परिचय सम्मेलन भी हुआ। सदस्यों ने एक-दूसरे से परिचय प्राप्त किया और सामाजिक एवं पारिवारिक जुड़ाव को मजबूत करने का संदेश दिया। समापन पर श्रद्धालुओं ने दाल-बाटी महाप्रसाद ग्रहण किया।
इस अवसर पर संस्थापक विकास मित्तल, अध्यक्ष सियाराम पवन कुमार, कार्यवाहक अध्यक्ष अविनाश राणा, महामंत्री नीरज वर्मा, कोषाध्यक्ष अमित गुप्ता, सह कोषाध्यक्ष वाईपी गुप्ता, संरक्षक मोहन गर्ग, अभय गुप्ता, आशीष सक्सेना, उपाध्यक्ष रीतेश गुप्ता, अतुल अग्रवाल, संजीव गुप्ता, मंत्री अमित अग्रवाल, सौरभ अग्रवाल, उमेश यादव, डिंपू चौधरी आदि उपस्थित रहे।

