आगरा। “डायनेमिक एनालिसिस ऑफ गैस टर्बाइन इंजनों” विषय पर दो दिवसीय व्याख्यानमाला का सफल आयोजन 23 एवं 24 फरवरी 2026 को यांत्रिक एवं सिविल अभियांत्रिकी विभाग, इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (आईईटी), स्वामी विवेकानंद परिसर, खंदारी, डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा द्वारा किया गया। यह कार्यक्रम माननीय कुलपति प्रो. आशु रानी के दूरदर्शी नेतृत्व एवं प्रेरणादायी मार्गदर्शन तथा संस्थान के निदेशक प्रो. मनु प्रताप सिंह के सक्षम निर्देशन में आयोजित हुआ।

“डायनेमिक एनालिसिस ऑफ गैस टर्बाइन इंजनों” विषय पर आयोजित इस व्याख्यानमाला का उद्देश्य गैस टर्बाइन इंजनों के गतिशील विश्लेषण, कंपन अध्ययन, स्थिरता मूल्यांकन तथा प्रदर्शन अनुकूलन जैसे उन्नत तकनीकी विषयों पर विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को गहन जानकारी प्रदान करना था। कार्यक्रम में संकाय सदस्यों, शोधार्थियों तथा स्नातक एवं स्नातकोत्तर विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की और विषय के विभिन्न आयामों पर गंभीरता से अध्ययन किया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता कनाडा स्थित कॉनकॉर्डिया यूनिवर्सिटी के मैकेनिकल, इंडस्ट्रियल एवं एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर प्रो. अशोक कौशल रहे। उन्होंने अपने व्याख्यानों में रोटर डायनेमिक्स, क्षणिक प्रत्युत्तर विश्लेषण, ताप-यांत्रिक युग्मन, वास्तविक समय प्रदर्शन मूल्यांकन तथा उन्नत संगणनात्मक तकनीकों के प्रयोग पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने गैस टर्बाइन इंजनों में कंपन विशेषताओं, अस्थिरता की समस्याओं एवं उनके समाधान पर व्यावहारिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करते हुए उद्योग एवं शोध के समन्वय पर बल दिया।
प्रो. अशोक कौशल ने अपने दीर्घ अनुभव एवं शोध कार्यों के उदाहरणों के माध्यम से विद्यार्थियों को समालोचनात्मक चिंतन, नवाचार तथा अनुसंधान की दिशा में प्रेरित किया। उनके स्पष्ट, सुव्यवस्थित एवं वैज्ञानिक प्रस्तुतीकरण ने प्रतिभागियों को विषय की जटिलताओं को समझने में विशेष सहायता प्रदान की। प्रत्येक दिवस के अंत में आयोजित प्रश्नोत्तर सत्र में विद्यार्थियों एवं संकाय सदस्यों ने विषय से संबंधित जिज्ञासाएं प्रस्तुत कीं, जिनका समाधान प्रो. कौशल ने विस्तारपूर्वक किया।
कार्यक्रम का समन्वयन इंजीनियर मनीष दीक्षित द्वारा किया गया। आयोजन में इंजीनियर विपिन कुमार, इंजीनियर नागेंद्र सिंह, इंजीनियर प्रताप बिराला, इंजीनियर अनिल सिंह, इंजीनियर चंदन कुमार, इंजीनियर दीक्षा जैन, डॉ. प्रमोद कुमार सहित अनेक संकाय सदस्यों की सक्रिय उपस्थिति रही।
यह दो दिवसीय व्याख्यानमाला तकनीकी ज्ञानवर्धन, शोध अभिरुचि संवर्धन तथा उद्योगोन्मुखी शिक्षा को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुई। कार्यक्रम ने संस्थान की शैक्षणिक उत्कृष्टता एवं वैश्विक सहयोग को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता को पुनः प्रमाणित किया। समापन अवसर पर आयोजकों की ओर से इंजीनियर दीक्षा जैन ने सभी प्रतिभागियों, संकाय सदस्यों एवं मीडिया प्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

