आगरा। यांत्रिक एवं सिविल अभियांत्रिकी विभाग, इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (IET) स्वामी विवेकानंद परिसर, डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा में “सतत उत्पाद विकास हेतु समवर्ती अभियांत्रिकी सिद्धांतों पर आधारित उत्पाद डिज़ाइन एवं गैस टरबाइन इंजनों का डायनामिक विश्लेषण” विषय पर एक विशेषज्ञ व्याख्यान का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन माननीय कुलपति प्रो. आशु रानी के मार्गदर्शन और संस्थान के निदेशक प्रो. मनु प्रताप सिंह के निर्देशन में सम्पन्न हुआ।
मुख्य वक्ता के रूप में अशोक कौशल, विभाग–मैकेनिकल, इंडस्ट्रियल एवं एयरोस्पेस इंजीनियरिंग, कॉनकॉर्डिया विश्वविद्यालय, कनाडा उपस्थित रहे। उन्होंने अपने व्याख्यान में समवर्ती अभियांत्रिकी (Concurrent Engineering) के सिद्धांतों, सतत उत्पाद विकास की रणनीतियों तथा गैस टरबाइन इंजनों के डायनामिक विश्लेषण की उन्नत तकनीकों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
प्रो. कौशल ने बताया कि आधुनिक औद्योगिक परिदृश्य में उत्पाद डिज़ाइन की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, पर्यावरण-संवेदनशील और लागत-कुशल बनाने के लिए बहुविषयी सहयोग एवं जीवन-चक्र विश्लेषण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने गैस टरबाइन इंजनों की कार्यप्रणाली, कंपन विश्लेषण, प्रदर्शन अनुकूलन तथा एयरोस्पेस और ऊर्जा क्षेत्र में उनके अनुप्रयोगों पर व्यावहारिक उदाहरण प्रस्तुत किए। इसके अतिरिक्त, कंप्यूटेशनल मॉडलिंग, तापीय दक्षता और डायनामिक विश्लेषण से संबंधित तकनीकों पर भी चर्चा की। उनका व्याख्यान शोधोन्मुख, तकनीकी दृष्टि से समृद्ध और अत्यंत व्यावहारिक रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ निदेशक प्रो. मनु प्रताप सिंह के स्वागत संबोधन से हुआ। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ व्याख्यान विद्यार्थियों के ज्ञानविस्तार, अनुसंधान दृष्टि और वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता को सुदृढ़ करते हैं। कार्यक्रम का संचालन एवं समन्वय इं. मनीष दीक्षित द्वारा किया गया।
अंत में धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया, जिसमें कुलपति, निदेशक, मुख्य वक्ता और उपस्थित सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर संस्थान के अनेक संकाय सदस्य एवं छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे, जिनमें डॉ. प्रमोद कुमार, डॉ. सुनील कुमार, पुष्पेंद्र सिंह, इं. विपिन कुमार, इं. सौरभ पचौरी, इं. नागेंद्र सिंह, इं. चंदन कुमार, इं. प्रताप सिंह, इं. दीक्षा जैन, इं. अनिल सिंह, इं. शोभित मोहन शर्मा, इं. अजीत सिंह, डॉ. रेखा शर्मा सहित अन्य संकाय सदस्य शामिल थे।
यह विशेषज्ञ व्याख्यान विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक एवं ज्ञानवर्धक सिद्ध हुआ तथा संस्थान की शैक्षणिक उत्कृष्टता, वैश्विक दृष्टिकोण और सतत एवं नवोन्मेषी अभियांत्रिकी विकास के प्रति प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करता है।

